Krishna Godara ने बताया कि युद्ध जैसे खतरनाक माहौल में ‘नंदादेवी’ जहाज़ से एलपीजी लेकर भारत आना बेहद चुनौतीपूर्ण था। मिसाइल और ड्रोन के खतरे के बीच टीम ने साहस दिखाया और सुरक्षित वापसी की। जहाज़ कतर से करीब 47 हजार मीट्रिक टन गैस लेकर भारत पहुंचा। उन्होंने कहा कि यह सफर उनके लिए गर्व का पल रहा, जहां डर के बावजूद पूरी टीम ने हिम्मत और समन्वय से मिशन
