उत्तराखंड के केदारनाथ उपचुनाव में कांग्रेस की हार पर पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा, "यह हार केवल कांग्रेस की हार नहीं है, बल्कि उत्तराखंड के उन मुद्दों की भी हार है, जिन पर काम होना चाहिए था।"
उत्तराखंड के केदारनाथ उपचुनाव में कांग्रेस की हार पर पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा, "यह हार केवल कांग्रेस की हार नहीं है, बल्कि उत्तराखंड के उन मुद्दों की भी हार है, जिन पर काम होना चाहिए था।"
केदारनाथ विधानसभा सीट पर 20 नवंबर को उपचुनाव होने जा रहा है, और कांग्रेस इसे प्रतिष्ठा का मुद्दा मानकर पूरी ताकत से जुटी हुई है। इस सीट पर कांग्रेस बदरीनाथ जैसी सफलता दोहराने का प्रयास कर रही है।
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार सुबह पावन बदरीनाथ धाम पहुंचकर भगवान बदरीविशाल के दर्शन किए और राज्य की प्रगति और समृद्धि के लिए आशीर्वाद मांगा।
केदारनाथ उपचुनाव को लेकर उत्तराखंड की राजनीतिक सरगर्मी चरम पर है। चुनाव को प्रतिष्ठा का प्रश्न मानते हुए भाजपा और कांग्रेस ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है।
केदारनाथ उपचुनाव में भाजपा और कांग्रेस ने पूरी ताकत झोंक दी है। भाजपा ने उपचुनाव में बड़ी जीत हासिल करने के लिए तीन प्रमुख वर्ग सम्मेलन आयोजित करने की योजना बनाई है।
उत्तराखंड की केदारनाथ विधानसभा सीट पर 20 नवंबर को होने वाले उपचुनाव के लिए भाजपा और कांग्रेस ने अपने प्रत्याशियों के नाम की घोषणा कर दी है। भाजपा ने अपने अनुभवी नेता और पूर्व विधायक आशा नौटियाल को उम्मीदवार बनाया है।