भारत में 90 फीदसी लोगों का कहना है कि देश की तरक्की के लिए महिलाओं की उच्च शिक्षा जरूरी है, जबकि दुनिया में 95 फीसदी लोग ऐसा मानते है।
59 फीसदी भारतीयों ने यह भी माना कि महिलाओं को अपनी पढ़ाई, नौकरी और शादी के फैसले खुद करने का अधिकार है। जबकि दुनिया में ऐसा मानने वाले 70 फीसदी लोग हैं। यह जानकारी संयुक्त राष्ट्र की जेंडर इक्वालिटी एटीट्यूड्स स्टडी में सामने आई है।
यह स्टडी इस बात का अध्ययन करती है कि सामाजिक विश्वास कैसे राजनीति, कार्य, शिक्षा जैसे क्षेत्रों में लैंगिक समानता को बाधित करता है। इसमें 75 देशों से डाटा इकट्ठा किया गया है।