केंद्रीय गृह मंत्री एवं भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह इस वक्त राजस्थान के जोधपुर में नागरिकता संशोधन अधिनियम के समर्थन के रैली में जनसभा को संबोधित कर रहे हैं। रैली में उन्होंने कांग्रेस पर जोरदार हमला बोला है।
उन्होंने कहा कि, भाजपा ने देशभर में नागरिकता संशोधन कानून के समर्थन में जनजागरण अभियान का आयोजन किया है। क्यों ये आयोजन करना पड़ा? क्योंकि जिस कांग्रेस को वोटबैंक की राजनीति की आदत पड़ गई है, उसने इस कानून पर दुष्प्रचार किया है।
इसके साथ ही CAA पर बोलते हुए शाह ने कहा कि सीएए पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश से हिंदू, सिख, जैन, पारसी, बौद्ध, ईसाई लोग, जो धर्म के आधार पर प्रताड़ित होकर आए हैं, उन्हें नागरिकता देने का कानून है। विपक्षी इसके खिलाफ एकजुट हो जाएं, लेकिन भाजपा इस फैसले पर एक इंच भी पीछे नहीं हटेगी।
शरणार्थियों पर हुई प्रताड़ना को लेकर गृह मंत्री ने कहा कि, शरणार्थियों पर जो प्रताड़ना हुई है, इससे बड़ा मानवाधिकार का उल्लंघन कभी नहीं हुआ। वहां ये शरणार्थी भाई करोड़पति थे और आज उनके पास रहने की जगह नहीं है। वहां उनके पास कई बीघा जमीन थी और यहां उनके पास खाने को कुछ नहीं है।
ये महात्मा गांधी जी का वादा था, क्या वो सांप्रदायिक थे? जवाहरलाल नेहरू ने भी संसद में कहा था कि जो हिन्दू या सिख आये हैं , हम उन्हें नागरिकता देंगे, क्या वो सांप्रदायिक थे? सरदार पटेल, मौलाना आजाद, राजेंद्र प्रसाद जैसे लोगों ने कहा था।
कांग्रेस पार्टी वोट बैंक के डर से हिम्मत नहीं कर पाई। लेकिन 56 इंच की छाती वाले नरेन्द्र मोदी जी ने कहा कि ये जो लाखों करोड़ों शरणार्थी आएं हैं, इनके मानवाधिकार और सम्मान की रक्षा मैं करूंगा।