नक्सली मुठभेड़ में शहीद हुए हॉक फोर्स इंस्पेक्टर आशीष शर्मा का अंतिम संस्कार गुरुवार को उनके गृह ग्राम बोहानी (जिला नरसिंहपुर) में पूरे राजकीय सम्मान के साथ किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव स्वयं अंतिम विदाई में शामिल हुए और शहीद की पार्थिव देह पर पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। सीएम ने शहीद के ताबूत को कांधा देकर उन्हें अंतिम सम्मान भी दिया।
“प्रदेश को आशीष शर्मा की शहादत पर गर्व” – मुख्यमंत्री
सीएम डॉ. यादव ने कहा कि इंस्पेक्टर आशीष शर्मा ने नक्सल विरोधी अभियान में अदम्य साहस दिखाते हुए कर्तव्य पथ पर सर्वोच्च बलिदान दिया है। यह शहादत केवल परिवार ही नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश का गर्व बढ़ाती है। मुख्यमंत्री ने परिजनों से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया।

परिजन को ₹1 करोड़ की सहायता राशि
राज्य सरकार शहीद के परिवार को ₹1 करोड़ की सम्मान निधि प्रदान करेगी। इसके अलावा-
छोटे भाई को सब-इंस्पेक्टर की नौकरी
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि- शहीद आशीष शर्मा के छोटे भाई को सरकारी नियमों में शिथिलता बरतते हुए सब-इंस्पेक्टर (SI) बनाया जाएगा। सीएम ने कहा कि यह कदम परिवार को संबल देने और शहीद के साहस को सदैव याद रखने हेतु उठाया गया है।
अंतिम संस्कार में नेताओं और अधिकारियों की बड़ी मौजूदगी
शहीद के अंतिम संस्कार में अनेक जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे-
सभी ने शहीद को अंतिम नमन किया और उनके योगदान को अविस्मरणीय बताया।