रिपोर्ट: सत्यम दुबे
नई दिल्ली: अपनी नई पॉलिसी को लेकर विवादों में आई वॉट्सएप को भारत सरकार ने भी तलब कर लिया है। मंगलवार को भारत सरकार ने वॉट्सएप से कड़े शब्दों में कहा कि वह अपनी गोपनीयता शर्तो में किए गये बदलाओं को वापस ले। सरकार की तरफ से कहा गया कि कोई भी एकतरफा बदलाव उचित और स्वीकार्य नहीं है।
इलेक्ट्रानिक्स और सूचना प्रोद्योगिकी मंत्रालय ने वॉट्सएप के CEO विल कैथार्ट को पत्र लिखकर यह समझाया कि भारत वैश्विक स्तर पर वॉट्सएप का सबसे बड़ा उपयोगकर्ता है और उसकी सेवाओं के लिए सबसे बड़ा बाजार है। इतना ही नहीं पत्र में मंत्रालय की तरफ से वॉट्सएप को चेताया गया कि वॉट्सएप की सेवा और गोपनीयता नीति में प्रस्तावित बदलाव भारतीय नागरिकों की पसंद और स्वायत्तता को लेकर गंभीर चिंताएं पैदा करते हैं।
मंत्रालय ने वॉट्सएप से प्रस्तावित बदलावों को वापस लेने और सूचना गोपनीयता, चयन की आजादी तथा डेटा सुरक्षा को लेकर अपने नजरिए पर फिर से विचार करने को कहा। भारतीयों का उचित सम्मान किया जाना चाहिए, और व्हाट्सऐप की सेवा, गोपनीयता शर्तों में कोई भी एकतरफा बदलाव उचित और स्वीकार्य नहीं है।
आपको बता दें कि यह विवाद तब उठा जब वॉट्सएप ने अपने नई पॉलिसी के तहत कहा था कि नई सेवा शर्त स्वीकार नहीं करने पर 8 फरवरी को अकाउंट डिलीट कर दिए जाएंगे, लेकिन अब हम अपनी नई शर्तों को अगले तीन महीने के लिए टाल रहे हैं। ऐसे में किसी भी यूजर्स का अकाउंट डिलीट नहीं होगा।
वॉट्सएप की नई पॉलिसी के तहत व्हाट्सएप के प्रयोगकर्ताओं के डाटा को फेसबुक के अन्य उत्पादों और सेवाओं से जोड़ा जायेगा। इसके साथ ही जो लोग वॉट्सएप के इस नई पॉलिसी से सहमत नहीं होंगे उनका 8 फरवरी को अकाउंट डिलीट कर दिया जायेगा।