50 वर्षों में पहली बार कोई प्रधानमंत्री एएमयू इवेंट में, पढ़े
अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय की स्थापना के 100 वर्ष पूरे होने पर मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विशेष डाक टिकट जारी किया। इस अवसर पर आयोजित इवेंट में प्रधानमंत्री मोदी वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए मुख्य अतिथि के तौर पर सम्मिलित हुए।
पिछले पचास वर्षों में यह पहली बार है जब एएमयू के इवेंट में भारतीय प्रधानमंत्री शामिल हुए हैं। इससे पहले प्रधानमंत्री नेहरू और शास्त्री एएमयू के इवेंट में शामिल हो चुके हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने इस अवसर पर कहा कि कोरोना महामारी के समय में एमएमयू ने समाज की बहुत मदद की। कोरोना महामारी के दौर में यूनिवर्सिटी ने हजारों लोगों का मुफ्त टेस्ट करवाया और आइसोलेशन वार्ड व प्लाज्मा बैंक बनवाया , इसके अलावा यूनिवर्सिटी ने पीएम केयर फंड में बड़ी राशि का योगदान दिया।
22 दिसंबर को पीएम मोदी एएमयू के शताब्दी समारोह में चीफ गेस्ट के तौर पर शामिल हुए. यह पचास वर्षों बाद पहला अवसर रहा जब कोई भारतीय प्रधानमंत्री एएमयू के समारोह में शामिल हुआ हैं। इससे पहले लाल बहादुर शास्त्री प्रधानमंत्री के तौर पर 1964 में यहां एक समारोह मे शामिल हुए थे।
Speaking at the Aligarh Muslim University. Watch. https://t.co/sNUWDAUHIH
— Narendra Modi (@narendramodi) December 22, 2020
शास्त्री से पहले पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू यहां चार बार आ चुके थे। पहली बार वे 1948 में तब आए थे, जब उन्हें ऑनेररी डॉक्टरेट से सम्मानित किया गया था और उसके बाद वह एएमयू में 1955, 1960 और 1963 में गए थे।
PM Narendra Modi releases postal stamp via video conferencing as part of centenary celebrations of Aligarh Muslim University (AMU) https://t.co/HALhsFsrvB pic.twitter.com/xv2d2ip5IP
— ANI (@ANI) December 22, 2020
समारोह के मौके पर जारी किया एक विशेष डाक टिकट
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के शताब्दी समारोह के मौके पर एक विशेष डाक टिकट जारी किया। पांच दशक में यह पहला मौका था, जब प्रधानमंत्री एएमएयू के किसी समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए। मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए समारोह में हिस्सा लिया।
पीएम मोदी की बड़ी बातें, पढ़े
पीएम मोदी ने एएमयू के शताब्दी समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि इस विश्वविद्यालय से निकले छात्र भारत की संस्कृति का प्रतिनिधित्व करते हैं. बीते 100 वर्षों में AMU ने दुनिया के कई देशों से भारत के संबंधों को सशक्त करने का भी काम किया हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी को छोटा भारत बताते हुए विश्वविद्यालय की विरासत का बखान भी किया। उन्होंने कहा कि उर्दू, अरबी और फारसी भाषा पर यहां जो रिसर्च होती है, इस्लामिक साहित्य पर जो रिसर्च होती है, वो समूचे इस्लामिक वर्ल्ड के साथ भारत के सांस्कृतिक रिश्तों को नई ऊर्जा देती हैं। उन्होंने छात्रों से अपील की कि एएमयू के कैंपस में ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की भावना दिनोंदिन मजबूत होती रहे, इसके लिए मिलकर काम करें।
पीएम ने कहा कि देश आज उस मार्ग पर बढ़ रहा है जहां किसी मत, मजहब के भेद के बिना हर वर्ग तक योजनाएं पहुंच रही हैं। सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास, यह मंत्र इसका मूल आधार हैं। देश की नियत नीतियों में यही संकल्प झलकता हैं।
पीएम ने सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास’ को केंद्र सरकार की नीतियों का मूल आधार बताते हुए कहा कि जो देश का है, वह हर देशवासी का है और उसका लाभ हर देशवासी को मिलना चाहिए।
कोरोना संकट में मदद के लिए आगे आए विश्वविद्यालय की सराहना करते हुए पीएम ने कहा कि अभी कोरोना के इस संकट के दौरान भी AMU ने जिस तरह समाज की मदद की, वो अभूतपूर्व हैं। हजारों लोगों का मुफ्त टेस्ट करवाना, आइसोलेशन वार्ड बनाना, प्लाज्मा बैंक बनाना और पीएम केयर फंड में बड़ी राशि का योगदान देना, समाज के प्रति आपके दायित्वों को पूरा करने की गंभीरता को दिखाता हैं।