1. हिन्दी समाचार
  2. उत्तर प्रदेश
  3. CM योगी ने दर्ज किया अपने नाम एक और रिकॉर्ड, गरीबों की मदद करने में बनें UP के नंबर-1 मुख्यमंत्री

CM योगी ने दर्ज किया अपने नाम एक और रिकॉर्ड, गरीबों की मदद करने में बनें UP के नंबर-1 मुख्यमंत्री

By: RNI Hindi Desk 
Updated:
CM योगी ने दर्ज किया अपने नाम एक और रिकॉर्ड, गरीबों की मदद करने में बनें UP के नंबर-1 मुख्यमंत्री

रिपोर्ट: सत्यम दुबे

लखनऊ: सीएम योगी आदित्यनाथ दिन पर दिन नये अपने नाम रिकॉर्ड दर्ज करते जा रहें हैं। हाल ही में सीएम योगी ने उत्तर प्रदेश को ईज ऑफ डूइंग बिजनेस देश में दूसरे पायदान पर ला दिया है। इसमें उत्तर प्रदेश 12 पायदान की छलांग लगा देश में दूसरा स्थान पाया है। इसके साथ ही कोरोना महामारी में देश के सबसे बड़े राज्य़ उत्तर प्रदेश को जिस तरीके से आगे बढ़ाया है, देश किसी भी राज्य के मुख्यमंत्री नहीं कर पाये हैं। इसी कड़ी में CM योगी ने प्रदेश की खुशहाली के लिए बीमारों और गरीबों को सहायता प्रदान करने के लिए करीब 10 अरब रुपये खर्च करने वाले सूबे के पहले सीएम बन गये हैं।

आपको बता दें कि सूबे की गद्दी संभालते ही सीएम ने सभी अधिकारियों को चेतावनी दे दी थी कि, हमारा एजेंडा सिर्फ और सिर्फ विकास है। इसी का परिणाम है कि वो प्रदेश के पहले सीएम बने हैं, जिन्होंने बीमारों और गरीबों को सहायता प्रदान करने के लिए करीब 10 अरब रुपये खर्च किए। इसे देखते हुए सीएम योगी आदित्यनाथ गरीबों की मदद करने में प्रदेश के नंबर-1 सीएम बन गए हैं।

सीएम योगी ने अपने इस चार साल के कार्यकाल के दौरान सीएम फंड से लाखों लोगों को सहायता दी है। मिली जानकारी के मुताबिक पिछले 4 साल में योगी सरकार ने इस फंड से एक हजार करोड़ रुपये खर्च किए हैं।

सीएमओ की तरफ से विवेकाधीन फंड को लेकर ब्यौरा जारी किया गया है। इसमें आंकड़ें बताते हैं कि सीएम योगी आदित्यनाथ ने इस कोष के तहत गरीबों की सभी सरकारों से ज्यादा मदद की है। सीएम ने पुराने सभी रिकॉर्ड्स को तोड़कर गरीबों और बीमारों की मदद के लिए 4 साल में 10 अरब रुपये दिए हैं।

बात करें अखिलेश सरकार की तो अखिलेश सरकार ने 5 साल में 42,508 लोगों को 552 करोड़ रुपये दिए थे। वहीं मायावती के सरकार पर नजर डालें तो 18,462 लोगों की मदद की थी और करीब 84 करोड़ रुपये खर्च किए थे। वहीं सीएम योगी ने सबसे ज्यादा 25,425 कैंसर रोगियों को 3 अरब 94 करोड़ रुपए के करीब मदद की। इसके साथ ही अन्य प्रकार के इलाज के लिए 21,755 रोगियों को करीब 3 अरब 5 करोड़, किडनी के इलाज के लिए 9427 लोगों को 1 अरब 80 करोड़ और हृदय रोग के इलाज के लिए 7019 लोगों को 68 करोड़ 35 लाख के करीब दिए गए।

सीएम योगी जब गोरखपुर से सांसद हुआ करते थे, उस वक्त भी लोगों की मदत करते थे। वे सुबह 6 बजे गोरखनाथ मंदिर में लोगों की परेशानियों को सुनने के लिए बैठते थे। लोग सुबह से ही उनके पास अपनी परेशानियों को लेकर आने लगते थे। कुछ लोगों की मदद वह MP Fund से सहायता कर देते थे, तो वहीं कुछ की गोरक्षा पीठ की तरफ से सहायता करते थे। यही कारण है कि वो लगातार पांच बार से गोरखपुर से सांसद बने थे। साल 2017 के विधानसभा चुनाव में वो सूबे के मुख्यमंत्री बन गये।

Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...