1. हिन्दी समाचार
  2. मध्य प्रदेश
  3. नई एक्सप्रेस ट्रेन को डॉ. मोहन यादन ने दिखाई हरी झंडी, बोले- नई रेल भविष्य के विकास का नया रास्ता

नई एक्सप्रेस ट्रेन को डॉ. मोहन यादन ने दिखाई हरी झंडी, बोले- नई रेल भविष्य के विकास का नया रास्ता

मध्यप्रदेश को नई रेल और रेल सुविधाओं की मिली सौगात। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नई ट्रेन भोपाल-धनबाद-चौपन एक्सप्रेस को दिखाई हरी झंडी। फ्रेट कॉरिडोर में मध्यप्रदेश के लाभ और एलाइनमेंट पर चर्चा के लिये केन्द्रीय रेल मंत्री वैष्णव आयेंगे भोपाल।

By: Naredra 
Updated:
नई एक्सप्रेस ट्रेन को डॉ. मोहन यादन ने दिखाई हरी झंडी, बोले- नई रेल भविष्य के विकास का नया रास्ता

भोपालः मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंगलवार की शाम भोपाल के मुख्य रेलवे स्टेशन से भोपाल-धनबाद-चौपन एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह ट्रेन सप्ताह में 3 दिन सीधी-सिंगरौली तक, 3 दिन धनबाद तक और एक दिन चौपन तक जायेगी। इस ट्रेन का रूट बीना-सागर-मुड़वारा होकर रहेगा।

भोपाल से सिंगरौली तक सातों दिन सीधी रेल

इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश को नई रेलों और रेल सुविधाओं की निरंतर सौगात मिल रही है। प्रदेश की राजधानी भोपाल से ऊर्जा राजधानी सिंगरौली तक सप्ताह के सातों दिन सीधी रेल की सुविधा प्रारंभ हो रही है, जो मध्यप्रदेश सहित अन्य राज्यों के यात्रियों के लिये भी महत्वपूर्ण सिद्ध होगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि केन्द्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज के दिन को भी यादगार बना दिया है। प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में मध्यप्रदेश के पिछड़े माने गये सीधी-सिंगरौली क्षेत्र को भोपाल से रोजाना की रेल कनेक्टिविटी का लाभ मिल रहा है। यह ट्रेन सातों दिन चलेगी, भले ही गंतव्य 3 हों। यह युक्ति और बुद्धि का खेल ही नहीं बल्कि भविष्य के विकास का नया रास्ता है।

जबलपुर-गोंदिया रेल लाइन के दोहरीकरण को मंजूरी

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केन्द्रीय कैबिनेट जबलपुर-गोंदिया रेल लाइन के दोहरीकरण को मंजूरी दी गई है। इसके पहले मध्यप्रदेश को इंदौर-मनमाड रेल लाइन सहित सिंहस्थ को देखते हुए कई सौगातें मिली हैं। रेल बजट में भी 24 गुना अधिक बजट मिला है। छह अमृत भारत स्टेशन कटनी साउथ, नर्मदापुरम ओरछा, सिवनी शाजापुर और श्रीधाम के पुनर्विकास का कार्य हो रहा है। प्रदेश के 80 स्टेशनों का कायाकल्प हो रहा है। वंदे भारत और मेट्रो ट्रेन की स्पीड भी बढ़ रही है। मध्यप्रदेश में विदेशों की तरह आधुनिक रेल सुविधाएं विकसित हो रही हैं। करीब पौने तीन हजार करोड़ रूपये की लागत से आधुनिक सुविधाओं का लाभ यात्रियों को दिया जायेगा।

नई ट्रेनों से पर्यटन विकास को मिलेगा सहयोग- डॉ. मोहन यादव

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि नई ट्रेन से राज्यों के पर्यटन विकास में सहयोग मिलेगा। मध्यप्रदेश, उत्तर प्रदेश, झारखंड के बीच सीधा संपर्क स्थापित होगा। धनबाद तक जाने वाली त्रि-साप्ताहिक ट्रेन 30 स्टेशनों को और चौपन तक जाने वाली साप्ताहिक ट्रेन 15 प्रमुख स्टेशनों को जोड़ेगी। व्यापार, खनन और उद्योग क्षेत्र को नई गति मिलेगी।

सुगम यातायात से विकास को मिलेगी नई गति- मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि यदि जबलपुर से गोंदिया रेल लाइन के दोहरीकरण के व्यापक फायदे हैं। पर्यटन, धार्मिक गतिविधियों और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने की दृष्टि से प्रभाव दिखाई देंगे। वन क्षेत्र जहां कभी नक्सलवाद का ग्रहण लगा था, वहां सुगम यातायात सुविधा से विकास को नई गति मिलेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि एक समय नक्सलवादियों ने निर्वाचित जनप्रतिनिधि की सरेआम हत्या कर लोकतंत्र को शर्मसार किया था। अनेक वर्ष ऐसी घटनाओं पर सभी मौन रहते थे। प्रधानमंत्री मोदी और केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह की दृढ़ इच्छा शक्ति से दरिंदगों से निपटने का कार्य किया गया है। मध्यप्रदेश में केन्द्र सरकार द्वारा निर्धारित डेड लाइन के पहले नक्सली समाप्त किये गये। महाकौशल क्षेत्र का महत्व दिनोंदिन बढ़ता जायेगा।

‘बहुप्रतिक्षित थी सीधी-सिंगरौली रेल सुविधा’

इस मौके पर केन्द्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने वर्चुअली कहा कि मध्यप्रदेश में रेल सुविधाओं का विस्तार जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता के बाद से भोपाल से सीधी-सिंगरौली क्षेत्र तक रेल सुविधा की मांग चल रही थी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव मध्यप्रदेश में रेल सुविधाएं बढ़ाने के लिये निरंतर ध्यान आकर्षित करते हैं। आने वाले समय में मध्यप्रदेश की तीव्र औद्योगिक विकास में नई रेल सुविधाएं उपयोगी साबित होंगी, जहां 18 हजार करोड़ रूपये से अधिक लागत की इंदौर-मनमाड रेल लाइन अर्थव्यवस्था बदलेगी, वहीं 5200 करोड़ लागत से जबलपुर-गोदिंया रेल लाइन का दोहरीकरण कान्हा राष्ट्रीय उद्यान, धुआंधार जल प्रपात और अन्य स्थानों के पर्यटन महत्व को बढ़ाएगी। इससे नागरिकों को समृद्धि का भरपूर लाभ मिलेगा।

 

मौजूदा बजट के बाद कार्यों में तेजी- वैष्णव

रेल मंत्री ने कहा कि दानकुनी-सूरत डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर 2 हजार किलोमीटर से अधिक लंबाई का रेल प्रोजेक्ट है जो पश्चिम बंगाल से गुजरात को जोड़ेगा। इस वर्ष के बजट के बाद यह कार्य तेजी से शुरू हो गया है। देश का पश्चिम क्षेत्र भी मध्यप्रदेश से बेहतर कनेक्ट होगा, यह प्रधानमंत्री का विजन है। हजीरा सहित अन्य पोर्ट विकसित होंगे। नये पोर्ट भी बनेंगे। औद्योगिक प्रगति की दृष्टि से मध्यप्रदेश के उद्योगों को अधिक से अधिक लाभ मिलेगा। मध्यप्रदेश इस प्रोजेक्ट से लाभांवित होगा। आयात-निर्यात भी आसान होगा। श्री वैष्णव ने कहा कि मालगाड़ियों की गति बढ़ाने, मौजूदा लाइनों से भीड़ कम करने और लॉजिस्टिक्स लागत में कमी लाने के उद्देश्य से क्रियान्वित किये जाने वाले इस प्रोजेक्ट के एलाइनमेंट पर वे मुख्यमंत्री डॉ. यादव से विस्तृत चर्चा करेंगे। रेल मंत्री ने मध्यप्रदेश के लिये उपयोगी करीब 48 हजार करोड़ लागत की रेल परियोजनाओं की जानकारी भी दी।

कार्यक्रम में तमाम जनप्रतिनिधि रहे मौजूद

इस कार्यक्रम को भोपाल के सांसद आलोक शर्मा ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा, उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल, पिछड़ा वर्ग कल्याण राज्य मंत्री श्रीमती कृष्णा गौर, पंचायत एवं ग्रामीण विकास राज्य मंत्री श्रीमती राधा सिंह, सांसद सीधी राजेश मिश्रा, विधायक कुंवर सिंह टेकाम, शरद कोल, विश्वमित्र पाठक, भोपाल के तमाम जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।

इन टॉपिक्स पर और पढ़ें:
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...