रिपोर्ट:- मोहम्मद आबिद
मिर्जापुर: फिल्म JOLLY LLB 2 तो आपने देखी ही होगी जिसमें एक युवक अपने आपको जीवित साबित करने के लिए काफी मशक्कतों का सामना करता और आखिरकार वो आपने आपको कागजों में जिंदा साबित कर देता है …
मिर्जापुर का नाम तो वेब सीरीज आने के बाद से ही सभी के जहन में लेकिन यहां मामला न तो कई फिल्म से जुड़ा है और न ही किसी अपराध से जुड़ा है बल्कि एक किसान से जुड़ा हुआ है जो खुद को जिंदा साबित करने के लिए जद्दोजहद कर रहा है और अब पूरे मामले में मड़िहान तहसील के अमोई गांव के निवासी भोला सिंह के मामले का सीएम योगी आदित्यनाथ ने संज्ञान लिया है। सीएम ने शासन के इंटरनेट मीडिया लखनऊ के माध्यम से डीएम को निर्देशित किया हैं कि पूरे प्रकरण की जांच कराई जाए।

सीएम योगी आदित्यनाथ ने डीएम को निर्देश देते हुए कहा है की अगर भोला जीवित हैं तो उनके नाम को खतौनी में दर्ज किया जाए। जो भी इस मामले में दोषी अधिकारी या कर्मचारी हो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। उन्होंने एक सप्ताह के अंदर जांच कर कार्रवाई की रिपोर्ट भेजने को कहा है।
बतादें की भोला सिंह ने जिला मुख्यालय पर धरने पर बैठकर अपने को जीवित रहने का प्रमाण पत्र मांग रहे थे। और भोला सिंह पिछले 15 सालों से शासन प्रशासन के पास पत्र भेजकर न्याय की गुहार लगा रहे हैं। बताया कि 24 दिसंबर 1999 में राजस्व निरीक्षक और लेखपाल अमोई ने उन्हें अपनी रिपोर्ट में मृत दिखाकर उनके भाई राजनारायण का नाम खतौनी में चढ़ा दिया था।
इसकी शिकायत शासन व प्रशासन के अधिकारियों से की तो वे मामले को टालते रहे और जांच नहीं की। वहीं जब भोला सिंह के मामले को पूर्व में कई बार उठाया चुका है। जब मुख्यमंत्री ने मामले को संज्ञान लिया हैं तो सारे अधिकारियों में हड़कंप मच गया है।