जबलपुरः भारतीय जनता पार्टी की सांसद संध्या राय ने जबलपुर के संभागीय भाजपा कार्यालय रानीताल में पत्रकार वार्ता को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि हाल ही में लोकसभा में नारी शक्ति वंदन अधिनियम को रोककर विपक्ष ने अपनी महिला विरोधी मानसिकता उजागर कर दी है।
संध्या राय ने कहा कि कांग्रेस, डीएमके, टीएमसी, समाजवादी पार्टी और इंडि गठबंधन ने 33% महिला आरक्षण का ऐतिहासिक अवसर बाधित किया। विपक्ष का जश्न हर महिला का अपमान है। कांग्रेस का इतिहास महिलाओं के अधिकारों का विरोध करने का रहा है। शाहबानो केस, तीन तलाक और अनुच्छेद 370 से प्रभावित महिलाओं के अधिकारों का विरोध इसका उदाहरण है।
प्रियंका गांधी द्वारा महिलाओं के लिए “इस्तेमाल” जैसी भाषा भारत की सांस्कृतिक भावना के विरुद्ध है। क्षेत्रीय राजनीति पर आरोप सांसद संध्या राय ने कहा कि डीएमके नेता तमिलनाडु की महिलाओं को संवैधानिक अधिकारों से वंचित करने की कोशिश कर रहे हैं।
सांसद ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं को सशक्त किया गया है। भाजपा ने तीन तलाक से मुक्ति दिलाई, शौचालय, बैंक खाते और स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार किया। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने स्पष्ट किया है कि परिसीमन से किसी राज्य के साथ अन्याय नहीं होगा।
उन्होंने कहा कि देश की 70 करोड़ महिलाएं इस घटनाक्रम को देख रही हैं और विपक्ष को हर चुनाव में इसका आक्रोश झेलना पड़ेगा। “नारी शक्ति अब मूकदर्शक नहीं, बल्कि निर्णायक शक्ति है और वही देश का भविष्य तय करेगी।
जबलपुर से संवाददाता दिनेश चौधरी की रिपोर्ट