कर्नाटक की राजनीति में लिंगायत और वोक्कालिगा समुदाय का दबदबा माना जाता है। खासतौर पर लिंगायत समुदाय जिसकी आबादी राज्य में लगभग 17 प्रतिशत तक है। कहा जाता है कि लिंगायत और वोक्कालिगा समुदाय के लोग जिस भी पार्टी से जुड़ जाते हैं उसका पासा पलटना तय है। यही कारण है कि लिंगायत समुदाय के गुस्से के चलते बीजेपी को सत्ता से बाहर होना पड़ा।
