भोपाल। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु के मध्यप्रदेश दौरे और आदिवासी मुद्दों को लेकर कांग्रेस द्वारा लगाए गए आरोपों पर प्रदेश सरकार के मंत्री विश्वास सारंग ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कांग्रेस पर आदिवासी विरोधी राजनीति करने और संवैधानिक संस्थाओं का सम्मान न करने का आरोप लगाया।
भोपाल में मीडिया से चर्चा के दौरान सारंग ने कहा कि राष्ट्रपति का मध्यप्रदेश दौरा सिकल सेल एनीमिया जैसी गंभीर समस्या पर जागरूकता और समाधान के प्रयासों से जुड़ा है, लेकिन कांग्रेस इस विषय पर भी राजनीति करने से नहीं चूक रही है।
“कांग्रेस को संवैधानिक पदों का सम्मान नहीं”
विश्वास सारंग ने कहा कि कांग्रेस की कार्यशैली हमेशा से संवैधानिक पदों और संस्थाओं को विवादों में घसीटने की रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस हर सकारात्मक पहल में राजनीतिक लाभ-हानि तलाशती है।उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु का दौरा स्वास्थ्य और जनकल्याण से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर केंद्रित है, लेकिन कांग्रेस इसे भी राजनीतिक रंग देने का प्रयास कर रही है।

आदिवासी मुद्दे पर कांग्रेस को घेरा
मंत्री सारंग ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनके आरोप तथ्यों पर आधारित नहीं हैं।उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस का इतिहास आदिवासी समाज के हितों की अनदेखी से जुड़ा रहा है। सारंग ने कहा कि वर्तमान सरकार आदिवासी क्षेत्रों में स्वास्थ्य, शिक्षा और विकास के लिए लगातार कार्य कर रही है, जबकि कांग्रेस केवल राजनीतिक बयानबाजी कर रही है।
वायरल वीडियो पर भी साधा निशाना
दिग्विजय सिंह और जीतू पटवारी से जुड़े वायरल वीडियो के मुद्दे पर भी विश्वास सारंग ने टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि वीडियो में जो दिखाई दे रहा है, वह सबके सामने है।सारंग ने आरोप लगाया कि कांग्रेस के भीतर वरिष्ठ नेताओं के सम्मान का अभाव दिखाई देता है और पार्टी के अंदरूनी मतभेद समय-समय पर सार्वजनिक रूप से सामने आते रहते हैं।
तबादला नीति को बताया पारदर्शी
प्रदेश में तबादलों को लेकर कांग्रेस द्वारा लगाए गए भ्रष्टाचार के आरोपों को खारिज करते हुए मंत्री सारंग ने कहा कि राज्य सरकार की तबादला नीति पूरी तरह पारदर्शी और नियम आधारित रही है।उन्होंने कहा कि प्रशासनिक आवश्यकता और जनहित को ध्यान में रखते हुए तबादले किए गए हैं। बिना प्रमाण आरोप लगाना कर्मचारियों और अधिकारियों के मनोबल को प्रभावित करता है।
आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी
राष्ट्रपति के मध्यप्रदेश दौरे, आदिवासी मुद्दों और तबादला नीति को लेकर कांग्रेस और भाजपा के बीच राजनीतिक बयानबाजी लगातार जारी है। दोनों दल एक-दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं, जिससे प्रदेश की राजनीति में गर्माहट बनी हुई है।अब इन मुद्दों पर दोनों पक्षों के अगले कदम और प्रतिक्रियाओं पर राजनीतिक गलियारों की नजर टिकी हुई है।