रिपोर्ट- पल्लवी त्रिपाठी
उत्तराखंड : उत्तराखंड में बीजेपी की सरकार में एक बार फिर सियासी संकट मचा हुआ है । ऐसा माना जा रहा है कि एक बार फिर मुख्यमंत्री के तौर पर बीजेपी नेता अपना पांच साल का कार्यकाल पूरा नहीं कर पाएंगे । इसी बीच आज हम आपको ऐसी शख्सियत के बारे में बताने जा रहे हैं जो इकलौते ऐसे नेता हैं, जिन्होंने उत्तराखंड में सरकार बनाने के बाद अपनी पांच साल की पारी पूरी की थी ।
जी हां, हम बात कर रहे हैं कांग्रेस नेता नारायण दत्त तिवारी की । जो साल 2002 में बीजेपी को शिकस्त देकर उत्तराखंड की राजनीति में आए । उन्होंने कांग्रेस के नेतृत्व में उत्तराखंड में सरकार बनायी । जिसके बाद साल 2002 से लेकर 2007 तक वे सीएम के पद पर रहे और उत्तराखंड की जनता के लिए काम किया ।
साल 2007 में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री के तौर पर पांच साल की पारी पूरी करने के बाद माना जा रहा था कि कांग्रेस एक बार फिर से उन्हें केंद्र की राजनीति में सक्रिय करेगी । हालांकि, ऐसा हुआ नहीं और केंद्र की तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने एनडी को आंध्र प्रदेश का राज्यपाल नियुक्त कर दिया ।
बता दें कि नारायण दत्त तिवारी केवल उत्तराखंड में पांच साल का कार्यकाल पूरा करने के लिए ही नहीं जाने जाते हैं । बल्कि नारायण दत्त तिवारी वो शख्स हैं, जिनका नाम देश की राजनीति खासतौर पर उत्तर प्रदेश की राजनीति में आता है । जहां एनडी तीन बार मुख्यमंत्री बन कर आए । उन्होंने साल 1976-76 , 1984-85 और 1988-89 में यूपी के मुख्यमंत्री बनें । आपको बतातें चलें कि एनडी को नेहरू और इंदिरा का बेहद करीबी माना जाता था । आपको बता दें कि CM रावत भी इस लिस्ट में शामिल होने से वंचित हो गये है। क्योंकि खबरों की मानें तो वे आज ही इस्तीफा दे सकते है।