रिपोर्ट: नंदनी तोदी
देहरादून: उत्तराखंड में बजट सत्र की शुरूआत कल यानी सोमवार से हो चुकी है। वहीं पूरे राज्य में धरना प्रदर्शन भी जारी है। जिसके बाद से सियासत और गरमा गई है। दरअसल, विधानसभा से करीब 5 किलोमीटर पहले दिवालिखाल में पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज कर दिया। बात दें कि नंदप्रयाग-घाट इलाके के लोग दोनों स्टेशन को जोड़ने वाली सड़क को चौड़ा करने की मांग कर रहे थे। इसी पर कल बजट सत्र के सभी प्रदर्शनकारी विधानसभा की ओर चल पड़े, लेकिन पुलिस ने उन्हें वही रोक दिया। और दोनों पक्षों के बीच हड़कंप मच गया।
मामला काबू में न होने की वजह से पुलिस ने सभी पर पानी की बौछार कर दी, जिसके चलते प्रदर्शनकारियों ने पथराव किया। इस मुद्दे पर आज सदन में कांग्रेस सरकार भी जमकर बरसी जिसके बाद से राज्य में सियासत भी गरमा गई है। वहीं इस पूरे मामले पर राज्य के मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने मंगलवार को ट्ववीट किया। उन्होंने अपने लगातार ट्वीट में लिखा, “दिवालीखाल, गैरसैण की घटना के जांच के आदेश दिए जा चुके हैं। मेरे द्वारा नंदप्रयाग-घाट मार्ग के चौड़ीकरण की घोषणा पहले ही की जा चुकी थी।एक और विचारणीय बात ये है कि मैंने सल्ट दौरे के दौरान प्रदेश के विकासखंड मुख्यालय तक की सभी सड़कों को १.५ लेन चौड़ीकरण किए जाने की घोषणा की थी।”
दिवालीखाल, गैरसैण की घटना के जांच के आदेश दिए जा चुके हैं।
मेरे द्वारा नंदप्रयाग-घाट मार्ग के चौड़ीकरण की घोषणा पहले ही की जा चुकी थी।एक और विचारणीय बात ये है कि मैंने सल्ट दौरे के दौरान प्रदेश के विकासखंड मुख्यालय तक की सभी सड़कों को १.५ लेन चौड़ीकरण किए जाने की घोषणा की थी।
— Trivendra Singh Rawat (@tsrawatbjp) March 2, 2021
वही उन्होंने अपने दूसरे ट्वीट में लिखा, “इस को देखते हुए, मेरा अपने सभी भाई-बहनों से अनुरोध है कि आप पेशेवर आंदोलनजीवियों के बहकावे में ना आएँ। आपकी सरकार प्रदेश के सभी क्षेत्रों एवं नागरिकों के विकास हेतु पूरी ईमानदारी से कार्य कर रही है। मैं विश्वास दिलाता हूँ कि निष्पक्ष जाँच पश्चात दोषियों को उचित दंड दिया जाएगा।”
इस को देखते हुए, मेरा अपने सभी भाई-बहनों से अनुरोध है कि आप पेशेवर आंदोलनजीवियों के बहकावे में ना आएँ। आपकी सरकार प्रदेश के सभी क्षेत्रों एवं नागरिकों के विकास हेतु पूरी ईमानदारी से कार्य कर रही है। मैं विश्वास दिलाता हूँ कि निष्पक्ष जाँच पश्चात दोषियों को उचित दंड दिया जाएगा।
— Trivendra Singh Rawat (@tsrawatbjp) March 2, 2021
दिवालीखाल में प्रदर्शन पर कांग्रेस का आरोप है कि एक तरफ सरकार 3 साल से नंदप्रयाग-घाट के लोगों की बात नहीं सुन रही और फिर जो प्रदर्शनकारी अपनी बात कह रहे हैं, उन्हें पीटा जा रहा हैं। वही उपनेता सदन और कांग्रेस विधायक करण महारा ने कहा कि प्रदर्शनकारी महिलाओं पर पुलिस के जवानों ने थप्पर मारे, और उस दौरान महिला पुलिसकर्मी नहीं थी।