दक्षिण ब्लॉक स्थित रक्षा मंत्रालय में यूरोपीय संघ के प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से शिष्टाचार भेंट की। इस महत्वपूर्ण बैठक में भारत और यूरोपीय संघ के बीच रक्षा सहयोग, उभरती सुरक्षा चुनौतियों और रणनीतिक साझेदारी को और सुदृढ़ करने पर व्यापक विचार-विमर्श किया गया।
बैठक की शुरुआत में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने ईयू प्रतिनिधिमंडल का स्वागत करते हुए कहा कि भारत-ईयू संबंध साझा लोकतांत्रिक मूल्यों, आपसी विश्वास और सहयोग पर आधारित हैं। उन्होंने कहा कि बदलते वैश्विक सुरक्षा परिदृश्य में भारत और यूरोपीय संघ के बीच सहयोग की भूमिका लगातार अधिक महत्वपूर्ण होती जा रही है।
बैठक के दौरान आतंकवाद निरोध, समुद्री सुरक्षा, साइबर सुरक्षा और रक्षा उद्योग में सहयोग जैसे विषयों पर गहन चर्चा हुई। रक्षा मंत्री ने रक्षा उत्पादन, तकनीकी साझेदारी और संयुक्त सैन्य अभ्यासों के माध्यम से सहयोग को और मजबूत करने की आवश्यकता पर बल दिया। यूरोपीय संघ के प्रतिनिधिमंडल ने भी भारत के साथ रक्षा एवं सुरक्षा क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। इसके साथ ही इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में शांति, स्थिरता और नियम-आधारित व्यवस्था को लेकर भी दोनों पक्षों के बीच सहमति बनी।
बैठक सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुई। दोनों पक्षों ने आपसी संवाद, सहयोग और समन्वय को आगे बढ़ाने पर सहमति जताई। माना जा रहा है कि यह मुलाकात भारत-यूरोपीय संघ रणनीतिक साझेदारी को और गहराई देने के साथ-साथ रक्षा क्षेत्र में नए अवसरों के द्वार खोलेगी।