डेहरी/सासाराम, 21 सितंबर 2026। बिहार में कथित वित्तीय संकट को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच प्रदेश सरकार के योजना एवं विकास मंत्री भगवान सिंह कुशवाहा ने स्थिति स्पष्ट की है। डेहरी में मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने राज्य में किसी भी तरह के वित्तीय संकट से इनकार करते हुए इसे अफवाह बताया।
मंत्री भगवान सिंह कुशवाहा ने कहा कि राज्य में विकास कार्यों की रफ्तार तेज हुई है और पिछले दिनों निर्धारित लक्ष्य की तुलना में कई गुना अधिक विकास कार्य कराए गए हैं। इसी वजह से विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन में कुछ बैकलॉग जरूर बना है। उन्होंने कहा कि एक साथ कई योजनाओं को शुरू करने और विकास कार्यों की गति बढ़ाने के कारण कुछ योजनाओं के कार्यान्वयन में समय लगना सामान्य प्रक्रिया है। इसे वित्तीय संकट से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए।
मंत्री के मुताबिक, बिहार में योजनाओं को गति देने के लिए कई स्तरों पर काम चल रहा है। एक साथ बड़ी संख्या में विकास परियोजनाओं के शुरू होने के कारण प्रशासनिक और क्रियान्वयन स्तर पर कुछ लंबित कार्य हो सकते हैं।उन्होंने जोर देकर कहा कि राज्य में कोष की कमी या वित्तीय संकट जैसी स्थिति नहीं है और विकास कार्यों को आगे बढ़ाने के लिए आवश्यक प्रक्रिया जारी है।

भगवान सिंह कुशवाहा ने कहा कि राज्य में कथित वित्तीय संकट की वजह से आम लोगों की जीवनशैली पर कोई प्रतिकूल असर नहीं पड़ा है। उन्होंने कहा कि सरकार विकास योजनाओं को जारी रखते हुए लोगों तक सुविधाएं पहुंचाने के लिए काम कर रही है। डेहरी में बातचीत के दौरान उन्होंने सवालिया अंदाज में कहा कि अगर राज्य में ऐसा कोई संकट है, तो क्या लोगों ने “लिट्टी-समोसा खाना बंद कर दिया है?” मंत्री का यह बयान राज्य की वित्तीय स्थिति को लेकर चल रही चर्चाओं के संदर्भ में सामने आया है।
बिहार में वित्तीय स्थिति को लेकर भाजपा विधायक विनय बिहारी के हालिया बयान के बाद इस मुद्दे पर राजनीतिक चर्चा तेज हुई है। इसी संदर्भ में योजना एवं विकास मंत्री भगवान सिंह कुशवाहा का बयान महत्वपूर्ण माना जा रहा है।मंत्री ने अपने बयान के जरिए राज्य में किसी भी प्रकार के वित्तीय संकट की बात को खारिज किया और कहा कि योजनाओं में दिखाई दे रहा बैकलॉग विकास कार्यों की बढ़ी हुई गति और एक साथ शुरू की गई परियोजनाओं से जुड़ा है।