{कासगंज से बॉबी ठाकुर की रिपोर्ट }
उत्तर प्रदेश के कासगंज जिले में चार वर्ष पूर्व प्रधानी की रजिंश को लेकर हुए रामरतनकांड में आज बुधवार को जिला अपर न्यायाधीश द्वितीय की अदालत में सुनवाई की गई।
सुनवाई के दौरान हत्याकांड में चारों नामजद आरोपियों को उम्र कैद की सजा सुनाई गई। साथ ही चारों से दो लाख रूपये अर्द्धदंड वसूल कर आदी रकम मृतक के परिजनों को देने का एतिहासिक फैसला किया गया।

कासगंज जिला न्यायालय के शासकीय अधिवक्ता संजीव सिंह के मुताबिक 25 अगस्त 2016 को उस वक्त रामरतन की सुनील उर्फ मुब्बू, धर्मेन्द्र उर्फ रिटू, अखिलेश, अनिल कुमार पुत्रगण राजेन्द्र ने हत्या कर दी, जब रामरतन दो बाइको पर सवार होकर अपनी बेटी के यहां जा रहे थे, तभी कासगंज जनपद के गांव फतियापुर और ठोडपुर के निकट दिन दाहडे गोलियों से भूनकर हत्या कर दी।
जिसकी आज सुनवाई अपर जिला न्यायाधीश द्वितीय धीरेन्द्र कुमार की अदालत में सुनवाई की। सुनवाई के दौरान पक्ष विपक्ष के साक्ष्यों और दलीलें सुनने के बाद न्यायाधीश धीरेन्द्र कुमार ने चारों को उम्र कैद की सजा सुनाई। साथ ही चारों से दो लाख रूपये अर्द्धदंड देने के निर्देश दिए।

जिसमें आधी रकम मृृतक के परिवार को दी जायेगी। उम्रकैद की सजा में शामिल दो दिव्यांग सुनील और धर्मेन्द्र भी शामिल है। फिलहाल चारों को न्यायायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है।