जबलपुरः बीना विधायक निर्मला सप्रे का दलबदल मामला, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार की याचिका पर हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। निर्मल सप्रे की विधायकी शून्य करने की मांग पर सुनवाई की गई।
निर्मला सप्रे के अधिवक्ता ने बताया कि कांग्रेस के विहिप पर ही 27 अप्रैल के सत्र में मौजूद रही थी निर्मला सप्रे (अभी भी कांग्रेस में होने का फिर से किया दावा)। राज्य शासन की ओर से महाधिवक्ता प्रशान्त सिंह ने HC में दिया जवाब। विधानसभा स्पीकर कर रहे मामले पर विधिवत सुनवाई। उमंग सिंघार द्वारा पेश साक्ष्यों को जांचने चल रही कार्यवाई।
सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस संजीव कुमार सचदेवा ने कहा कि दलबदल मामले में 90 दिन में फैसले की है समयसीमा। 720 दिनों में क्यों नहीं हुआ निराकरण। विधानसभा स्पीकर के संज्ञान में लाएं SC की गाईडलाईन। उमंग सिंघार के वकील विभोर खंडेलवाल ने की मांग – SC द्वारा तय 90 दिन की समयसीमा का हो पालन। HC ने 18 जून को तय की अगली सुनवाई।
जबलपुर से संवाददाता दिनेश चौधरी की रिपोर्ट