रिपोर्ट: गीतांजली लोहनी
नई दिल्ली: अभी तक आपने सुना होगा कि इसका दिमाग कंप्यूटर से भी ज्यादा तेज है, या कंप्यूटर की तरह काम करता है इसका दिमाग। लेकिन क्या आप जानते है कि अब इसका उसका नहीं बल्कि हम सभी का दिमाग कंप्यूटर की तरह चलने लगेगा। जी हां हैरान मत होइए क्योंकि अब इस साल के अंदर ही एक ऐसी चिप आने वाली है जिसे इंसान की खोपड़ी के अंदर लगाया जाएगा।
दरअसल, इलेक्ट्रिक वाहन बनाने वाली कंपनी टेस्ला (TESLA) और स्पेसएक्स (SpaceX) के मालिक एलम मास्क एक ऐसी चिप पर काम कर रहे हैं, जिसे इंसान के दिमाग में फिट करके सीधे कम्प्यूटर से कनेक्ट कर दिया जाएगा। इसके लिए एलन मस्क कि कंपनी ने ट्रायल भी शुरू कर दिया है।

बता दें कि स्पेसएक्सऔर टेस्ला के फाउंडर अरबपति एलन मस्क इनोवेशन के लिए जाने जाते हैं। और अब एलन ने अपनी इस नई इनोवेशन की जानकारी एक यूजर के ट्वीट रिस्पांस में दी। तो वहीं एलन मस्क ने बताया कि इंसान के दिमाग में यह चिप कोई डॉक्टर नहीं, बल्कि रोबोट सर्जरी करके लगाएगा। और एलन का दावा है कि अगले 25 साल में यह तकनीक फुल ब्रेन इंटरफेस के रूप में तैयार हो सकती है।
बता दें कि दुनिया के दूसरे सबसे अमीर व्यक्ति में शुमार एलन मस्क ने साल 2019 में एक बयान दिया था जिसमें उन्होंने कहा था कि साल 2020 के अंत तक इंसानों पर टेस्टिंग शुरू कर देंगे। आपको बता दें कि मस्क का यह प्रोजेक्ट साल 2016 में लांच हुआ था। हाल ही मे Elon Musk ने कहा कि एक बंदर के सिर में एक वायरलेस इंप्लांट लगाया जा चुका है। इसके जरिए बंदर अपने दिमाग का इस्तेमाल कर वीडियो गेम खेल सकता है। इसके अलावा उनकी कंपनी न्यूरालिंक ने एक सूअर के दिमाग में भी चिप लगाई थी।

हाल ही में एलन मस्क ने न्यूरालिंक में नौकरी के संदर्भ में सोशल मीडिया पर पोस्ट भी डाला था। एलन मस्क ने जानकारी देते हुए कहा था कि चिप के माध्यम से लकवे की समस्या को ठीक किया जा सकता है इसके साथ ही इंसान को टेलीपैथी की शक्तियां भी मिल सकती है। बता दें कि मस्क की कंपनी न्यूरालिंक एक ऐसी थ्रेड यानी धागानुमा धातु बनाने पर भी काम रही है, जो ब्रेन सर्जरी में मददगार साबित होगी। यह इंसान के बाल के 10वें हिस्से के बराबर होगी।