आईसीएमआर की ओर से कोरोना संक्रमण से लड़ने के लिए तैयार संभावित टीके की मंजूरी मिलने के बाद पंजाब में पहली खुराक मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह को दी जाएगी। इसके बाद राज्य के 1.25 लाख स्वास्थ्य कर्मियों का टीकाकरण होगा।
बुधवार को जारी आधिकारिक बयान के मुताबिक, राज्य सरकार ने यहां की तीन करोड़ आबादी में से 23 प्रतिशत आबादी यानी 70 लाख को प्राथमिकता के आधार पर टीका लगाने की योजना बनाई है, जिनमें स्वास्थ्य कर्मी, महामारी के दौरान अग्रिम मोर्चो पर कार्य करने वाले, 50 साल से अधिक उम्र के लोग शामिल होंगे
आधिकारिक बयान में कहा गया कि पहले से गंभीर बीमारियों से जूझ रहे लोग शामिल हैं। बयान के मुताबिक राज्य में टीकाकरण की तैयारियों पर चर्चा करने के लिए बुलाई गई मंत्रिमंडल की बैठक में मुख्यमंत्री ने यह घोषणा की।
पंजाब के स्वास्थ्य सचिव हुसन लाल ने बताया कि राज्य में सरकारी और निजी क्षेत्रों में कार्यरत 1.25 लाख स्वास्थ्य कर्मियों का डाटा एकत्र कर लिया गया है, जिन्हें पहले चरण में टीका लगाया जाएगा। लाल ने कहा कि भारत सरकार के टीकाकरण प्राथमिकता दिशा-निर्देश के तहत राज्य की करीब 23 प्रतिशत आबादी का टीकाकरण होगा।
इस ही के साथ आप को बता दे की पंजाब में कोरोना वायरस के एक्टिव मरीजों की संख्या 7634 हो गई है। वहीं अब तक कुल पॉजिटिव मरीजों की संख्या 152709 है, जिसमें से 140254 मरीज ठीक हो चुके है। इसके अलावा पंजाब में कोरोना वायरस से 4821 मरीजों की मौत हुई है।