शिवपुरी: मध्य प्रदेश के शिवपुरी में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने इंडिया गठबंधन के तहत निर्वाचन प्रक्रिया और मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों के विरोध में प्रदर्शन किया। दोनों दलों के कार्यकर्ताओं ने गांधी सेवाश्रम के सामने धरना दिया और इसके बाद पैदल मार्च करते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रशासन को ज्ञापन सौंपा।
कांग्रेस और सपा कार्यकर्ताओं ने गांधी सेवाश्रम के सामने एकत्र होकर धरना दिया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने ‘लोकतंत्र बचाओ, देश बचाओ, वोट बचाओ’ जैसे नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने निर्वाचन प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर अपनी आपत्ति दर्ज कराई।
धरने के बाद प्रदर्शनकारी माधव चौक और कोर्ट रोड होते हुए पैदल मार्च करते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां उन्होंने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन कलेक्टर को सौंपा। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के स्थानीय नेता और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
प्रदर्शन में शामिल नेताओं ने आरोप लगाया कि मतदाता सूची से लोगों के नाम हटाए जा रहे हैं। उन्होंने निर्वाचन प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल उठाते हुए मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों की जांच की मांग की।

प्रदर्शनकारियों ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ भी नारेबाजी करते हुए विरोध दर्ज कराया। नेताओं ने केंद्र और प्रदेश सरकार की भूमिका पर सवाल उठाते हुए निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े मामलों में जवाबदेही तय करने की मांग की।
प्रदर्शन में पोहरी विधायक कैलाश कुशवाह समेत कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के कई नेता शामिल हुए। नेताओं ने कहा कि मतदाता सूची और निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों को लेकर उनका आंदोलन आगे भी जारी रहेगा।
कांग्रेस और सपा नेताओं ने कहा कि मतदाताओं के अधिकारों से जुड़े मामलों को लेकर वे लगातार आवाज उठाते रहेंगे। प्रदर्शन के दौरान नेताओं ने निर्वाचन प्रक्रिया में पारदर्शिता और मतदाता सूची को लेकर उठाई जा रही शिकायतों के समाधान की मांग की।