रिपोर्ट: निहाल राठौर
नई दिल्ली: भारत मे सीमा विवाद एक बड़ा मुद्दा है। बता दें, कि भारत दो मोर्चों पर युद्ध जैसी स्थिति का सामना कर रहा है पाकिस्तान और चीन। इसी बात को ध्यान रखते हुए भारत सरकार ने अमेरिका से तीन अरब डॉलर लगभग 22,000 करोड़ रुपये के 30 आक्रामक फाइटर ड्रोन लेने जा रही है।

आपको बता दें, कि भारत ने अपने सैन्य क्षमताओं को बढ़ाने के लिए अमेरिका के साथ 3 अरब डॉलर (लगभग 22,000 करोड़) के 30 सशस्त्र ड्रोन खरीदने के लिए एक रक्षा सौदे की योजना बनाई है। योजनाओं के अनुसार, भारत अपने तीन सेनाओं (जल, थल, वायु) के लिए 30 MQ-9 रीपर खरीदनें की तैयारी कर रहा है।
रक्षा अधिग्रहण परिषद (DAC) की बैठक के दौरान रक्षा मंत्री “राजनाथ सिंह” द्वारा इन सशस्त्र ड्रोनों को लेने की मंजूरी मिल सकती है। भारत विशेष रूप से हिंद महासागर में चीनी प्रभाव का मुकाबला करने के लिए इस फाइटर ड्रोन को खरीदनें की योजना बना रही है। साथ हीं इस सौदे को आगे बढ़ाने के लिए अमेरिकी रक्षा मंत्री “लॉयड ऑस्टिन” के इस महीने के अंत में भारत आने की उम्मीद जताई जा रही है।

आपको बता दें, कि पिछले साल इराक में बगदाद हवाई अड्डे पर हुए अमेरिकी हवाई हमले में ईरान के फौजी कमांडर कासिम सुलेमानी की हत्या कर दी गई थी। जिसके बाद अमेरिका और ईरान में तनाव और बढ़ गया है। इस हमले को अंजाम देने के लिए अमेरिका ने MQ-9 रीपर ड्रोन का इस्तेमाल किया था। इस आक्रामक ड्रोन को विदेशी मुहिमों को अंजाम देने के लिए विकसित किया गया है।
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