रिपोर्ट: सत्यम दुबे
नई दिल्ली: केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा परिषद CBSE ने शैक्षणिक सत्र 2021-22 के लिए बड़ा बदलाव करने जा रही है। अब 10वीं और 12वीं के बोर्ड के लिए इस शैक्षणिक वर्ष को दो भागों में बांटा गया है। प्रथम सत्र का एग्जाम नवंबर-दिसंबर महीने में होगा, जबकि दूसरे सत्र की परीक्षा मार्च-अप्रैल में करवाई जाएगी।
कोरोना महामारी कहर को देखते हुए CBSE ने परीक्षाओं को सुनिश्चित कराने का लक्ष्य रखा है। आपको बता दें कि पिछले साल शुरू हुई महामारी ने CBSE सहित कई विभिन्न बोर्ड्स की परीक्षाओं पर काफी असर डाला है। कई परीक्षाओं को रद्द तक करना पड़ा है।
CBSE ने कहा है कि, ”बोर्ड परीक्षा 2022 के लिए पाठ्यक्रम को जुलाई 2021 में नोटिफाई किए जाने वाले पिछले शैक्षणिक सत्र के जैसे ही युक्तिसंगत बनाया जाएगा। CBSE स्कूलों को 31 मार्च को सीबीएसई द्वारा जारी पाठ्यक्रम का पालन करना होगा।”
वहीं इसके साथ ही, स्कूल NCERT से वैकल्पिक शैक्षणिक कैलेंडर और इनपुट का भी इस्तेमाल करेंगे। बोर्ड ने कहा है कि जब तक अधिकारी स्कूलों में व्यक्तिगत रूप से पढ़ाने की अनुमति नहीं देते हैं, तब तक स्कूल डिस्टेंस मोड में पढ़ाना जारी रखेंगे।
जबकि कक्षा 9वीं और 10वीं के लिए इंटरनल असेसमेंट में तीन पिरियोडिक टेकस्ट्स, पोर्टफोलियो, और प्रैक्टिकल वर्क को शामिल किया जाएगा। वहीं, कक्षा 11वें और 12वें के इंटरनल असेसमेंट में यूनिट टेस्ट/प्रैक्टिकल्स/प्रोजेक्ट्स को शामिल किया जाना तय किया गया है।
CBSE ने स्कूलों को छात्रों की प्रोफाइल तैयार करने को भी कहा है। बोर्ड के सर्कुलर के अनुसार, स्कूल साल भर में किए गए सभी असेसमेंट के लिए स्टूडेंट्स की प्रोफाइल तैयार करेंगे और उसका डिजिटल फॉर्मेट बनाएंगे।