रिपोर्ट : मोहम्मद आबिद
केंद्र सरकार ने किसानों के हितों के लिए तीन कृषि कानूनों का निर्माण किया और जिसके बाद से किसान सरकार के खिलाफ धरना पदर्शन कर रहे हैं और किसानों को दिल्ली की सीमाओं पर धरना देते हुऐ लगभग चार महिने का समय गुजर चुका है और इसी बीच में कई बार सरकार से कृषि कानूनों को लेकर बात चीत हो चुकी है लेकिन कोई बात नहीं बन पाई है दिल्ली की सीमाओं पर डटे किसानों का कहना है की जब तक कानून वापस नहीं होंगे तब तक घर वापस नहीं जाएंगे।

केंद्र सरकार के नए कृषि कानूनों के खिलाफ रेल पटरियों पर धरना दे रहे किसानों के एक समूह ने 169 दिनों के बाद गुरुवार को अपना आंदोलन समाप्त कर दिया, क्योंकि रेलगाड़ियों का परिचालन स्थगित होने से उन्हें और व्यापारियों को नुकसान हो रहा था।
वहीं किसान मजदूर संघर्ष समिति के नेता सविंदर सिंह ने कहा कि उन्होंने सभी प्रदर्शनकारी किसान संगठनों के साथ बैठक के बाद अमृतसर-दिल्ली मार्ग पर देवीदासपुरा में रेल जाम खत्म करने का निर्णय किया। जंडियाला स्टेशन के पास देवीदासपुरा, अमृतसर रेलवे स्टेशन से करीब 25 किलोमीटर दूर है।
Punjab: The 169-day-long blockade by protesting farmers, near Jandiala Guru railway station near Amritsar, has now been cleared. Station Master says, “We’ll inform officers after which trains movement will resume. When tracks are vacated, movement will be smooth in this section.” pic.twitter.com/bLBNSHmjfb
— ANI (@ANI) March 11, 2021
किसान मजदूर संघर्ष समिति के नेता सविंदर सिंह का कहना है की किसानों ने केवल यात्री गाड़ियों को रोकने का फैसला किया था लेकि केंद्र सरकार ने मालगाड़ियों को भी रोकने का फैसला किया जिससे किसानों, व्यवसायियों और उद्योगपतियों को काफी नुकसान हुआ है।
वहीं वर्तमान परिस्थितियों में किसानों ने सर्वसम्मति से यहां आंदोलन समाप्त करने का फैसला किया। और पूरे मामले पर अधिकारियों ने कहा की आंदोलन को समाप्त करने के साथ ही रेलगाड़ियों की आवाजाही को शुरू करने पर फैसला किया जाएगा।