आर्मर्ड व्हीकल्स निगम लिमिटेड (AVNL) की इकाई व्हीकल फैक्ट्री जबलपुर ने भारतीय सेना के लिए T-72 टैंक का पायलट ओवरहॉल सफलतापूर्वक पूर्ण कर लिया है। ओवरहॉल किए गए टैंकों का रोल-आउट 28 जनवरी को मास्टर जनरल सस्टेनेंस तथा AVNL के CMD की उपस्थिति में किया जाएगा। यह उपलब्धि AVNL की स्वदेशी बैटल टैंक ओवरहॉलिंग क्षमताओं को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर मानी जा रही है।
पत्रकारवार्ता में व्हीकल फैक्ट्री जबलपुर के सीजीएम प्रवीण कुमार ने बताया कि भारतीय सेना की बैटल टैंक ओवरहॉलिंग की बढ़ती आवश्यकताओं को देखते हुए AVNL ने अपनी प्रोडक्शन यूनिट्स में से VFJ का चयन किया। इसका उद्देश्य AVNL की इकाई हैवी व्हीकल्स फैक्ट्री (HVF) में उपलब्ध मौजूदा ओवरहॉल सुविधाओं का विस्तार करना है।
क्षमता विस्तार पहल के तहत VFJ को वर्ष 2025 में टैंकों के पायलट ओवरहॉल की स्वीकृति मिली थी। VFJ ने भारतीय सेना द्वारा निर्धारित तकनीकी विशिष्टताओं और गुणवत्ता मानकों के अनुरूप टैंकों का ओवरहॉल सफलतापूर्वक पूरा किया है। यह उपलब्धि सेना की परिचालन आवश्यकताओं को समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा करने की VFJ की क्षमता और तत्परता को दर्शाती है।

व्हीकल फैक्ट्री जबलपुर की इस सफलता को न केवल जबलपुर बल्कि पूरे मध्य प्रदेश के लिए गर्व की बात बताया गया है। स्वदेशी रक्षा उत्पादन और रखरखाव क्षमताओं के विस्तार से ‘आत्मनिर्भर भारत’ के लक्ष्य को भी नई मजबूती मिली है।