बता दें ग्राम छछऊ के काफी ग्रामीण दातागंज तहसील पहुंचे जहां उन्होंने उप जिला अधिकारी को शपथ प्रमाण पत्र देते हुए बताया कि ग्राम प्रधान द्वारा जो आवास दिए गए हैं प्रत्येक लाभार्थी से ग्राम प्रधान ने ₹20000 लिए हैं.
वहीं मनरेगा के अंतर्गत जो मजदूरों का खर्चा आता है वह ₹15000 उन्होंने अपने निजी लोगों के खाते में डाल कर निकाले जिसका ग्रामीणों ने शपथ पत्र भी दिया.
वहीं गांव की ही रहने वाली उर्मिला नाम की एक विधवा औरत ने बताया कि उनके लिए आवास मिला था ग्राम प्रधान द्वारा उनसे ₹20000 लिए गए जिसके कारण उनका आज तक लेंटर नहीं पड़ा है विधवा होने के बावजूद तथा शासन के द्वारा लाभ मिलने के बाद भी आज भी इस परिवार के सिर पर छत नहीं है.वही गांव का मुआयना करने पर पता चला कि ग्राम प्रधान द्वारा तमाम योजनाओं में घोटाले किए गए हैं जिसकी जांच होना अति आवश्यक है.