शाजापुर में विश्व मानव तस्करी निरोधक दिवस के अवसर पर महिला थाना परिसर में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान नशा मुक्ति अभियान 2.0 के तहत समाज को नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराने और लोगों को जागरूक करने के लिए विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में आकर्षण का केंद्र यमराज की वेशभूषा में प्रस्तुत किया गया जागरूकता नाटक रहा। इसके माध्यम से लोगों को बताया गया कि नशा किस प्रकार व्यक्ति के स्वास्थ्य, परिवार और सामाजिक जीवन को प्रभावित करता है। नाटक में शराब पीकर वाहन चलाने से होने वाले हादसों और उनके गंभीर परिणामों को भी प्रभावी तरीके से प्रस्तुत किया गया। कलाकारों ने लोगों से नशे से दूर रहने और स्वस्थ जीवन अपनाने की अपील की।
कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने नुक्कड़ नाटक के माध्यम से नशा मुक्ति और मानव तस्करी जैसे गंभीर विषयों पर जागरूकता संदेश दिए। प्रस्तुतियों के जरिए समाज में जागरूकता फैलाने का प्रयास किया गया।

कार्यक्रम के दौरान नशा मुक्ति अभियान में सक्रिय भूमिका निभाने वाले छात्र-छात्राओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं को सम्मानित किया गया। अधिकारियों ने उनके प्रयासों की सराहना करते हुए समाज हित में ऐसे अभियानों को लगातार जारी रखने की आवश्यकता बताई।
कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक प्रियंका शुक्ला सहित कोतवाली थाना प्रभारी, महिला थाना प्रभारी, अजाक थाना प्रभारी और बड़ी संख्या में पुलिस अधिकारी, छात्र-छात्राएं एवं सामाजिक संगठनों के सदस्य मौजूद रहे। अधिकारियों ने कहा कि नशा और मानव तस्करी जैसी सामाजिक बुराइयों को खत्म करने के लिए जनभागीदारी बेहद जरूरी है। जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों तक सही संदेश पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।