ऋषिकेश: नगर पालिका परिषद ऋषिकेश दो वर्ष पूर्व अपग्रेड होकर नगर निगम के रूप में वजूद में आया। नगर निगम के दो वर्ष पूर्ण होने पर महापौर अनीता ममगाईं ने इन दो सालों को बेमिसाल बताते हुए उपलब्धियां गिनाई। इसके साथ ही उन्होंने वर्ष 2021 में संजय झील का निर्माण और गंगा की धारा को प्रमुख घाट तक लाने के कार्य को प्रमुख लक्ष्य बताया।
नगर निगम ऋषिकेश का निर्वाचन संपन्न होने के बाद दो वर्ष पूर्व दो दिसंबर को नवनिर्वाचित नगर निगम बोर्ड ने शपथ ग्रहण की थी। ऋषिकेश की प्रथम महापौर चुनी गई। महापौर अनीता ममगाईं ने मंगलवार को अपने दो वर्ष के कार्यकाल का रिपोर्ट कार्ड जारी किया। उन्होंने कहा कि दो वर्ष में उन्होंने अधिकारियों और पार्षदों के सहयोग से क्षेत्र की ज्वलंत समस्याओं को निस्तारित करने में सफलता हासिल की है।
ट्रेचिंग ग्राउंड, वेंडिंग जोन, स्वच्छता मिशन, चौराहों का सौंदर्यीकरण, हाईटेक डिवाइडर स्ट्रीट लाइट व्यवस्था, भवन कर में 50 प्रतिशत की छूट, 50,000 डस्टबिन वितरण और मेयर हेल्पलाइन के जरिये समस्याओं का त्वरित निस्तारण इनमें प्रमुख है। महापौर ने बताया कि वर्ष 2021 के लिए उन्होंने जो रोड मैप तैयार किया है, उसमें संजय झील के निर्माण के साथ गंगा की धारा को पक्के घाट तक लाने की योजना को साकार करना प्रमुख है।
दो वर्षों की महत्वपूर्ण उपलब्धि