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सलकनपुर धाम में CCTV में दिखी बाघिन और शावक, श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता

मध्य प्रदेश के प्रसिद्ध सलकनपुर देवी धाम में लगातार तीन दिनों तक सीसीटीवी फुटेज में बाघिन और उसके शावकों की गतिविधियां दिखाई देने के बाद श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों में चिंता बढ़ गई है। व्यापारी समिति ने श्रद्धालुओं से सतर्क रहने की अपील की है, जबकि स्थानीय लोगों ने वन विभाग और प्रशासन से अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।

By: BS Yadav 
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सलकनपुर धाम में CCTV में दिखी बाघिन और शावक, श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता

सलकनपुर। मध्य प्रदेश के प्रसिद्ध सलकनपुर देवी धाम में बाघिन और उसके शावकों की गतिविधियां सीसीटीवी कैमरों में कैद होने के बाद श्रद्धालुओं, स्थानीय व्यापारियों और ग्रामीणों में चिंता बढ़ गई है। लगातार तीन दिनों तक अलग-अलग स्थानों पर वन्यजीवों की मौजूदगी दर्ज होने के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं।सलकनपुर व्यापारी समिति एवं वन सुरक्षा समिति के अध्यक्ष अनिरुद्ध दुबे ने एक वीडियो संदेश जारी कर बताया कि 25, 26 और 27 जून को धाम के सीढ़ी मार्ग और मुख्य सड़क पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज में बाघिन अपने शावकों के साथ दिखाई दी है। उन्होंने श्रद्धालुओं से अपील की कि वे सुनसान रास्तों पर अकेले न जाएं, समूह में यात्रा करें और विशेष रूप से देर रात तथा सुबह के समय अतिरिक्त सावधानी बरतें।

अनिरुद्ध दुबे ने स्थानीय व्यापारियों और दुकानदारों से भी सतर्क रहने की अपील करते हुए कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए सभी को आवश्यक सावधानियां अपनानी चाहिए।स्थानीय लोगों का कहना है कि इससे पहले भी सलकनपुर धाम क्षेत्र में बाघ के हमले की घटना सामने आ चुकी है, जिसमें एक साधु की मौत हुई थी। ऐसे में लगातार तीन दिनों तक बाघिन और शावकों की मौजूदगी सामने आने के बाद सुरक्षा इंतजामों को और मजबूत किए जाने की आवश्यकता महसूस की जा रही है।

प्रतिदिन हजारों श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए पहुंचने वाले इस प्रमुख धार्मिक स्थल पर अब यह सवाल उठ रहे हैं कि क्या मंदिर ट्रस्ट, वन विभाग और जिला प्रशासन की ओर से अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था की गई है। स्थानीय लोगों ने सीढ़ी मार्ग और संवेदनशील क्षेत्रों में चेतावनी बोर्ड लगाने, नियमित वन विभाग गश्त बढ़ाने, लाउडस्पीकर के माध्यम से श्रद्धालुओं को सतर्क करने और सुरक्षा कर्मियों की तैनाती सुनिश्चित करने की मांग की है।

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