राष्ट्रमंडल खेलों में दो बार की चैंपियन संजीता चानू को डोपिंग के आरोपों से मुक्त होने के बाद उम्मीद है कि वह इस साल प्रतिष्ठित अर्जुन पुरस्कार हासिल करने में सफल रहेगी। अंतरराष्ट्रीय भारोत्तोलन महासंघ (आईडब्ल्यूएफ) ने विश्व डोपिंग रोधी एजेंसी (वाडा) की सिफारिशों के बाद चानू के खिलाफ डोपिंग के आरोप खारिज कर दिए जिससे यह 26 वर्षीय खिलाड़ी अर्जुन पुरस्कार के लिए आवेदन कर सकती है।
चानू ने कहा, ‘मैंने पहली बार 2016 में अर्जुन पुरस्कार के लिए आवेदन किया था लेकिन तब मुझे यह पुरस्कार नहीं मिला। मुझे योग्य होने के बावजूद 2017 में भी नजरअंदाज कर दिया गया।’
उन्होंने कहा, ‘लेकिन इसके बाद डोप मामले के कारण मैं इसके लिए अयोग्य हो गयी। मैं अब इसे हासिल करने के लिए कोशिश करूंगी।’ चानू ने 2014 और 2018 राष्ट्रमंडल खेलों में क्रमश: 48 किग्रा और 53 किग्रा भार वर्ग में स्वर्ण पदक जीते थे।