Panchayat Corruption News in Hindi

टीकमगढ़ की ग्राम पंचायत फुटेर में सीसी सड़क निर्माण पर सवाल, ग्रामीणों ने 4 लाख रुपये के गड़बड़ी की जांच की मांग उठाई

टीकमगढ़ की ग्राम पंचायत फुटेर में सीसी सड़क निर्माण पर सवाल, ग्रामीणों ने 4 लाख रुपये के गड़बड़ी की जांच की मांग उठाई

टीकमगढ़ जिले की ग्राम पंचायत फुटेर में सीसी सड़क निर्माण को लेकर ग्रामीणों ने वित्तीय अनियमितता के आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि भुगतान होने के बावजूद सड़क का निर्माण जमीन पर नहीं हुआ। ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।

भीषण गर्मी में पानी संकट से जूझ रहे गढ़ीबरोद के ग्रामीण

भीषण गर्मी में पानी संकट से जूझ रहे गढ़ीबरोद के ग्रामीण

शिवपुरी जिले के गढ़ीबरोद गांव की आदिवासी कॉलोनी के ग्रामीणों ने कलेक्ट्रेट जनसुनवाई में भीषण पेयजल संकट की शिकायत की। ग्रामीणों ने बताया कि नल-जल योजना लंबे समय से बंद है, जिससे उन्हें पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा है। आरोप है कि पंचायत स्तर पर बोर और हैंडपंप के नाम पर फर्जी बिल लगाकर राशि निकाली गई, जबकि जमीन पर कोई व्यवस्था नहीं है। ग्रामीणों ने मामले की

नागझिरी में फावड़ा-तगारी और आईना लेकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचे ग्रामीण, राशन घोटाले के आरोप

नागझिरी में फावड़ा-तगारी और आईना लेकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचे ग्रामीण, राशन घोटाले के आरोप

बुरहानपुर जिले के नागझिरी गांव में कथित भ्रष्टाचार और राशन घोटाले को लेकर ग्रामीणों ने अनोखा प्रदर्शन किया। फावड़ा-तगारी और आईना लेकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचे ग्रामीणों ने पंचायत और उचित मूल्य दुकान पर अनियमितताओं के गंभीर आरोप लगाए। ग्रामीणों का कहना है कि गरीबों को समय पर राशन नहीं मिलता और कई मामलों में फर्जीवाड़ा किया जाता है। उन्होंने जांच और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।

मोहखेड़ पंचायत में सीमेंट स्लैब की जगह टाइल्स लगाने से उजागर हुई गुणवत्ता और भ्रष्टाचार की पोल

मोहखेड़ पंचायत में सीमेंट स्लैब की जगह टाइल्स लगाने से उजागर हुई गुणवत्ता और भ्रष्टाचार की पोल

छिंदवाड़ा जिले की मोहखेड़ पंचायत में नाली निर्माण में गंभीर अनियमितताओं का मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि सीमेंट स्लैब की जगह घटिया तरीके से टाइल्स लगाई गईं, जिससे निर्माण कुछ ही दिनों में टूटने लगा। इससे सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। स्थानीय लोगों ने पहले भी अनियमितताओं की शिकायतें की थीं, लेकिन कार्रवाई न होने से नाराजगी बनी हुई है। ग्रामीणों ने मामले की