रिपोर्ट: सत्यम दुबे
नई दिल्ली: कोरोना के दूसरे लहर का कहर लगातार जारी है, संक्रमण से देश मचे हाहाकार के बीच पीएम मोदी ने बड़ा फैसला लिया है। पीएम मोदी ने ऑक्सीजन की कमीं को दूर करने के लिए पीएम केयर्स फंड से एक लाख पोर्टेबल ऑक्सीजन कंसंट्रेटर खरीदने की मंजूरी दी है। बुधवार को पीएम मोदी की अध्यक्षता में हुई एक उच्च-स्तरीय बैठक में ये फैसला लिया गया।
कोरोना महामारी से निपटने के लिए लिक्विड मेडिकल ऑक्सीजन आपूर्ति में सुधार के मद्देनजर लिए पीएम मोदी की अध्यक्षता में हुई एक बैठक में पीएम ने निर्देश दिया कि पोर्टेबल ऑक्सीजन कंसंट्रेटर को जल्द से जल्द खरीद लिया जाए और राज्यों को उपलब्ध कराया जाए। सबसे पहले कोरोना से ज्यादा प्रभावित राज्यों को तरजीह दी जाएगी।
इसके साथ ही बैठक में पीएम केयर फंड के तहत पहले से स्वीकृत 713 PSA प्लांटों के अलावा, 500 नए ऑक्सीजन प्लांटों को मंजूरी दी गई। जिसके मतलब यह है कि पीएम केयर फंड के माध्यम से 500 नए ऑक्सीजन प्लांट लगाए जाएंगे और इनमें ऑक्सीजन का उत्पादन जल्द से जल्द शुरू करने के प्रयास किये जाएंगे।
ये नए ऑक्सीजन प्लांट जिला मुख्यालय और टियर 2 शहरों के अस्पतालों में ऑक्सीजन की आपूर्ति में वृद्धि करेंगे। इन 500 PSA प्लांटों को DRDO और CSIR द्वारा विकसित स्वदेशी तकनीक के जरिए स्थापित किया जाएगा।
आपको बता दें कि ऑक्सीजन कंसंट्रेटर वह मशीन होती है जो हवा से ऑक्सीजन को अलग करता है। हवा को अपने भीतर लेकर ऑक्सीजन कंसंट्रेटर उसमें से अन्य गैसों को अलग करके शुद्ध ऑक्सीजन की सप्लाई करता है। ऑक्सीजन कंसंट्रेटर को घरेलू ऑक्सीजन प्लांट भी कहा जा सकता है। एक कंसंट्रेटर एक मिनट में करीब 5 से 10 लीटर ऑक्सीजन सप्लाई कर सकता है।
कोरोना के हाहाकार के बीच देश के कई हिस्सों में ऑक्सीजन की कमीं से मरीज लगातार दम तोड़ रहे हैं। हालत ये हो गई है कि राजधानी दिल्ली के कई अस्पताल ऑक्सीजन के लिए हाईकोर्ट की शरण में पहुंच गये हैं। कोर्ट ने केंद्र और राज्य सरकारों को जमकर फटकार भी लगाई है। इस बीच सरकारें युद्ध स्तर पर ऑक्सीजन, बेड्स मुहैया कराने में जुटी हैं।