प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज स्वामित्व योजना की शुरुआत करने जा रहे हैं। इसकी जानकारी उन्होंने खुद ट्वीट करके दी। उन्होंने ट्वीट किया – ” रविवार का दिन ग्रामीण भारत के लिए एक बड़ा सकारात्मक परिवर्तन लाने वाला है।
सुबह 11 बजे स्वामित्व योजना के अंतर्गत संपत्ति कार्ड के वितरण का शुभारंभ किया जाएगा। यह योजना करोड़ों भारतीयों के जीवन में मील का पत्थर साबित होगी।
स्वामित्व योजना के तहत चरणबद्ध तरीके से देश के लगभग 6.62 लाख गांवों के लोगों को प्रॉपर्टी कार्ड दिए जाएंगे।
कल का दिन ग्रामीण भारत के लिए एक बड़ा सकारात्मक परिवर्तन लाने वाला है। सुबह 11 बजे स्वामित्व योजना के अंतर्गत संपत्ति कार्ड के वितरण का शुभारंभ किया जाएगा। यह योजना करोड़ों भारतीयों के जीवन में मील का पत्थर साबित होगी। #SampatiSeSampantahttps://t.co/OQUEPSGCjr
— Narendra Modi (@narendramodi) October 10, 2020
ग्रामीणों को अपनी संपत्ति के स्वामित्व का आधिकारिक दस्तावेज मिलेगा, जो उन्हें सशक्त बनाएगा। इसके माध्यम से वह बैंक लोन सहित कई वित्तीय सुविधाओं का लाभ ले सकेंगे। ”
इस योजना में करीब एक लाख संपत्ति मालिक अपनी संपत्ति से जुड़े कार्ड अपने मोबाइल फोन पर एसएमएस लिंक के जरिये डाउनलोड कर सकते हैं। इस योजना का ऐलान पीएम मोदी ने लॉकडाउन के दौरान किया था और आज इसके पहले चरण की शुरुआत होगी।
स्वामित्व योजना के तहत चरणबद्ध तरीके से देश के लगभग 6.62 लाख गांवों के लोगों को प्रॉपर्टी कार्ड दिए जाएंगे। ग्रामीणों को अपनी संपत्ति के स्वामित्व का आधिकारिक दस्तावेज मिलेगा, जो उन्हें सशक्त बनाएगा। इसके माध्यम से वे बैंक लोन सहित कई वित्तीय सुविधाओं का लाभ ले सकेंगे।
— Narendra Modi (@narendramodi) October 10, 2020
इस योजना के लाभार्थी छह राज्यों के 763 गांवों से हैं। इनमें उत्तर प्रदेश के 346, हरियाणा के 221, महाराष्ट्र के 100, मध्य प्रदेश के 44, उत्तराखंड के 50 और कर्नाटक के दो गांव शामिल हैं।
क्या है योजना
पीएम मोदी द्वारा शुरू की गई स्वामित्व योजना के अंतर्गत आने वाले सभी ग्राम समाज के काम ऑनलाइन हो जाएंगे ऑनलाइन होने की वजह से भूमाफिया और फर्जीवाड़ा और भूमि की लूट सभी कुछ पूर्ण रूप से बंद हो जाने की उम्मीद है और ग्रामीण लोग अपनी संपत्ति का पूरा ब्यौरा ऑनलाइन देख सकेंगे।
A landmark day for rural development! Do join the programme at 11 AM. #SampatiSeSampanta pic.twitter.com/uM15HqLMD3
— Narendra Modi (@narendramodi) October 11, 2020
गांव की सभी संपत्ति की मैपिंग होने का प्रावधान भी रखा गया है। और उसकी जमीन से संबंधित ई-पोर्टल उन्हें इसका सर्टिफिकेट भी देगा।
आगे की राह
2024 तक 6.62 लाख गावों को कवर किया जायेगा।
सटीक भूमि रिकॉर्ड से संपत्ति विवादों को काम करने और वित्तीय तरलता को बढ़ावा मिलेगा।
योजना व राजस्व संग्रह को सुव्यवस्थित और ग्रामीण क्षेत्रों में प्रॉपर्टी राइट्स पर स्पष्टता सुनिश्चित करेगा।
देशभर में लगभग 300 नियमित प्रचालन प्रणाली स्टेशन (CORS) की होगी स्थापना।
ड्रोन तकनीक व CORS के द्वारा आवासीय भूमि की पैमाइश की जाएगी।
बेहतर सुविधाओं के साथ ग्राम पंचायत विकास योजनाओं का निर्माण किया जा सकेगा।