मुंबई पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दावा किया है कि फर्जी टीआरपी (टेलीविजन रेटिंग प्वाइंट्स) का रैकेट चल रहा है।
मुंबई पुलिस ने दावा किया है जिसमें रिपब्लिक टीवी का नाम सामने आया है। 2 छोटे चैनल फख्त मराठी और बॉक्स सिनेमा के मालिकों को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह ने कहा – बड़ा रैकेट हाथ लगा है ये रैकेट है फर्जी TRP का। टेलीविजन विज्ञापन इंडस्ट्री करीब 30 से 40 हजार करोड़ रुपये की है। विज्ञापन का दर टीआरपी रेट के आधार पर तय किया जाता है।
किस चैनल को किस हिसाब से विज्ञापन मिलेगा यह तय किया जाता है। अगर टीआरपी में बदलाव होता है तो इससे रेवेन्यू पर असर पड़ता है। कुछ लोगों को इससे फायदा होता है और कुछ लोगों को इससे नुकसान होता है।
उन्होंने कहा हंसा के पूर्व वर्कर को हमने गिरफ्तार किया है इसी आधार पर जांच बढ़ाई गई है। दो लोगों को गिरफ्तार करके कोर्ट में पेश किया गया है और उन्हें 9 अक्टूबर तक कस्टडी में भेजा गया है।
उनके कुछ साथिओं को ढूंढा जा रहा है कुछ मुंबई में हैं और कुछ मुंबई के बाहर हैं। ये लोग चैनल के हिसाब से ये पैसा देते थे।
एक व्यक्ति जो पकड़ा गया है उसके अकाउंट से 20 लाख रुपये जब्त किया गया है और 8 लाख रुपये कैश बरामद किया गया है।