भारत और चीन के बीच तनाव जारी है। बीते 5 महीनो से चल रहे इस तनाव में भारत और चीन के बीच 6 बार बातचीत के जरिये समस्या का समाधान करने की कोशिश की गई है, लेकिन अभी तक साड़ी बातचीत विफल रही हैं।
आज फिर दोनों देशों के बीच सैन्य कमांडर स्तर की बातचीत होनी है। ये सातवीं बार है जब दोनों देशों के बीच तनाव को लेकर बातचीत होगी।
सैन्य सूत्रों के मुताबिक चुशूल में सैन्य कमांडर स्तर की बातचीत सुबह करीब 10 बजे शुरू होगी। भारत की तरफ से इस बार सैन्य वार्ता की अगुवाई 14 कोर के जीओसी लेफ्टिनेंट जनरल हरिंदर सिंह करेंगे। जिसमें लेफ्टिनेंट जनरल पीजीके मेनन और विदेश मंत्रालय में चीन समेत पूर्वी एशिया मामलों के प्रभारी संयुक्त सचिव नवीन श्रीवास्तव भी मौजूद होंगे।
सूत्रों के अनुसार बैठक में एक बार फिर भारत का जोर इसी बात पर होगा कि सीमा पर सैन्य आमने-सामने की स्थिति कम की जाए। साथ ही सैनिक जमावड़ा घटाकर अप्रैल 2020 के स्तर तक बहाल किया जाए। महत्वपूर्ण है कि पिछले महीने 21 सितंबर को दोनों देशों के बीच हुई बातचीत में इस बात को लेकर रजामंदी बनी थी कि अब लद्दाख के इलाके में वास्तविक नियंत्रण रेखा पर सैनिकों की संख्या बढ़ाई नहीं जाएगी।
आपको बता दें कि भारत ने 29-31 अगस्त के बीच रिचान ला, रिजांग इलाके की पहाड़ी चोटियों पर अपने सैनिकों की तैनाती कर रणनीतिक लिहाज से एक अहम पैंतरा चला था।
इससे बौखलाए चीन से दो बार हवाई गोलीबारी की घटनाओं को तो अंजाम दिया लेकिन भारतीय सैनिकों को नीचे उतारने में नाकामयाब रहा था।
हालांकि, 7वें दौर की बातचीत से भी फिलहाल भारत चीन विवाद में किसी समस्या का हल निकलने की उम्मीद नज़र नहीं आ रही है।