Home देश संसद में वित्त मंत्री ने विपक्ष को पढ़ाया स्वनिधि योजना का पाठ, जानिए कैसे पायेंगे इस योजना का लाभ

संसद में वित्त मंत्री ने विपक्ष को पढ़ाया स्वनिधि योजना का पाठ, जानिए कैसे पायेंगे इस योजना का लाभ

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रिपोर्ट: सत्यम दुबे

नई दिल्ली: शनिवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में बजट पर चर्चा को लेकर जवाब दे रही थी। इस दौरान उन्होने विपक्ष पर जमकर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस क्यों पहले कृषि कानूनों का समर्थन करती थी? अब बदल गई? किसानों को इतना ज्ञान देने वाली कांग्रेस बहुत से राज्यों में चुनाव जीतने के लिए कहती थी कि हम कृषि लोन देंगे, लेकिन मध्य प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनने के बाद भी यह लागू नहीं हुआ।

आगे उन्होने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस ने वोट लिया और किसानों को गुमराह किया। कांग्रेस ने राजस्थान, मध्य प्रदेश और छतीसगढ़ में कर्ज माफ नहीं किया। इस दौरान उन्होने स्वनिधि योजना का भी जिक्र किया है। वित्त मंत्री ने स्वनिधि योजना को लेकर बोलते हुए विपक्ष पर जमकर हमला बोला। हम आपको बताते हैं कि क्या है सरकार की स्वनिधि योजना?

दरअसल, पीएम मोदी ने लॉकडाउन के बाद रेहड़ी-पटरी वालों को अपना काम नये सिरे से शुरु करने के लिए प्रधानमंत्री स्‍वनिधि योजना को शुरु किया है। इस योजना के तहत सरकार छोटा-मोटा काम करने वालों को 10 हजार रुपये का लोन आसान शर्तों पर उपलब्ध करवायेगी। आपको बता दें कि स्वनिधि योजना के तहत अब तक पांच लाख से उपर लोगो ने आवेदन किया है। जिसमें सरकार एक लाख से ज्यादा लोगो लोन मंजूर भी कर चुकी है।

इस योजना को सरकार ने साल 2022 तक के लिए लांच किय़ा है। जिसमें सरकार ने लक्ष्य रखा है कि 50 लाख से ज्यादा रेहड़ी-पटरी वालों को लोन दिया जायेगा। सरकार ने इस योजना को लॉकडाउन की मार झेल रहे रेहड़ी-पटरी लगाने वालों को अपनी आजीविका और रोजगार दोबारा शुरू करने के उद्देश्य से शुरु किया है।

इस योजना के तहत 10 हजार का लोन आसानी से लोगो को मिल जायेगा। सरकार इस योजना में डिजिटल लेन-देन को बढ़ावा देने की कोशिश की है। इस योजना में कर्ज के समय पर भुगतान करने पर ब्‍याज में 7 फीसदी के हिसाब से सब्सिडी भी दी जायेगी।

इस स्कीम का लाभ शहरों में फेरी लगाने, सड़क किनारे रेहड़ी-पटरी लगाने वाले वे लोग जो 24 मार्च, 2020 या उससे पहले से वेंडिंग कर रहे हैं, उनको होगा। सरकार के इस योजना में वह व्यक्ति जो रोजमर्रा का सामान बेचने वाला या अपनी सेवाएं देता है, तथा  किसी अस्थाई रूप से बने हुए स्टॉल से या फिर गली-गली घूमकर अपनी सेवाएं देता है। सब्जी, फल, चाय-पकौड़ा, ब्रेड, अंडे, कपड़े, किताब, लेखन सामग्री बेचने वालों को इस स्कीम के तहत फायदा होगा। वहीं नाई की दुकान, मोची, पान की दुकान या लांड्री सेवा मुहैया कराने वाले लोग इस स्कीम के अंतर्गत आसानी से 10 हजार तक का लोन ले सकते हैं।

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