सीहोर। मध्य प्रदेश के सीहोर जिले से बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करने वाला एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। ग्राम बरखेड़ा देवा निवासी दीपक दांगी ने आरोप लगाया है कि उनके पिता लक्ष्मीनारायण दांगी का निधन वर्ष 1993 में हो गया था। इसके बावजूद वर्ष 2005 में उनके नाम पर कथित रूप से फर्जी तरीके से बिजली कनेक्शन जारी कर दिया गया।
शिकायतकर्ता के अनुसार, इस कनेक्शन का वर्षों तक उपयोग होता रहा और बिजली वितरण कंपनी लगातार लक्ष्मीनारायण दांगी के नाम से बिजली बिल जारी करती रही। दीपक दांगी का कहना है कि उन्होंने कई बार अपने पिता का मृत्यु प्रमाण पत्र लेकर बिजली विभाग के अधिकारियों से संपर्क किया और कनेक्शन निरस्त करने के साथ रिकॉर्ड में सुधार की मांग की, लेकिन उनकी शिकायतों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई।

दीपक का आरोप है कि विभाग की लापरवाही के कारण हर महीने बिजली बिल बढ़ता गया और अब बकाया राशि लगभग 1 लाख 70 हजार रुपये तक पहुंच गई है। उनका कहना है कि अब विभाग की ओर से इसी बकाया राशि की वसूली के लिए उन्हें परेशान किया जा रहा है।समस्या का समाधान नहीं होने पर दीपक दांगी मंगलवार को जनसुनवाई में पहुंचे और जिला प्रशासन के समक्ष पूरी शिकायत रखी। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
मामले की गंभीरता को देखते हुए कलेक्टर ने शिकायत पर जांच कराने का आश्वासन दिया है। प्रशासन का कहना है कि यदि जांच में किसी अधिकारी की लापरवाही या फर्जीवाड़ा सामने आता है, तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।फिलहाल मामले की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मृतक के नाम पर बिजली कनेक्शन किसने और किन परिस्थितियों में जारी कराया तथा इस पूरे प्रकरण में किसकी जिम्मेदारी तय होती है।