भागदौड़ भरी जीवन शैली की वजह से मनुष्य ने प्रकृति और स्वयं का सान्निध्य खो दिया है। इसी वजह से जीवन में कई तरह के रोग और शोक जन्म लेते हैं। हमारे पासनियमित रूप से योग करने या स्वस्थ रहने के अन्य कोई उपाय करने का समय भी नहीं है। यहां तक की मन अक्सर विचलित रहता है, ऐसे में योग के जरिए खुद को निरोग बना सकते हैं और साथ ही साथ अपने ध्यान पर भी नियंत्रण पा सकते हैं।
मेडिटेशन एक ऐसा योग है जिसे अगर अपने दिनचर्या का हिस्सा बना ले तो दिमाग पर ही नियंत्रण नहीं बल्कि कई और बिमारियों से छुटकारा पा सकते हैं। आइए आपको बताते हैं ध्यान लगाने के फायदे।
- अगर अपने दिनचर्या में मेडिटेशन को शामिल कर लेते हैं और नियमित रूप से इसे करते हैं तो यह मन अशांत रहने पर उसके निष्क्रिय पड़े हुए भागों को उपयोग में लाने योग्य बनाता है। इसके साथ ही अनुभव की क्षमता को सूक्ष्म करने में मेडिटेशन काफी सहायाता करता है। आपको भूलने की आदत है तो इसे अपने जिवन में शामिल कर लें।
- हम आप या हर कोई गुस्सा करता है लेकिन कई लोगों को गुस्सा बहुत ज्यादा आता है ऐसे में मेडिटेशन के जरिए आप अपने गुस्सा पर काबू पा सकते हैं।
- ध्यान लगाने से सिर्फ मन ही शांत नहीं होता बल्कि, हृदयरोग की रोकथाम के लिए उत्तम औषधि के मेडिटेशन समान है।
-नियमित ध्यान लगाने से मन की चंचल रहता है। दीर्घायु बनाने में मेडिटेशन की अहम भूमिका होता है।
मेडिटशन एंग्जाइटी और तनाव को बढ़ाने वाले केमिकल्स के स्तर को कम करता है। नकारात्मक भावनाओं जैसे डर, आक्रामकता और गुस्से को कम करता है। दिमाग को स्पष्टता देता है और साथ ही भावनात्मक संतुलन और शारीरिक लचीलापन देता है।
कब करे मेडिटेशन और किन वस्तुओं का कर सकते हैं इस्तेमाल
- मेडिटेशन करने के लिए ढीले वस्त्र पहने, प्रात: काल सूर्योदय से पहले ध्यान लगाने से काफी फायदा होगा। वहीं अगर सुबह नहीं कर सकते तो शाम के वक्त रात्रि भोजन करने से पहले ध्यान करें।
- मेडिटेशन करने के लिए किसी खाली स्थान का इस्तेमाल करे, पार्क, नदी किनारे या फिर घर की छत पर भी कर सकते हैं। ध्यान लगाते वक्त चाहें तो कुछ फूल आस-पास, कोई सुगंधित वस्तु का छिड़काव कर दें, या फिर अगरबत्ती भी जला सकते हैं।