मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन् यादव ने अपने छोटे बेटे अभिमन्यु यादव की शादी भव्यता और दिखावे के बजाय एक सामूहिक विवाह सम्मेलन (mass marriage / collective wedding) में आयोजित करने का फैसला किया है। यह शादी 30 नवंबर 2025 को उज्जैन में होगी। समारोह में सिर्फ मुख्यमंत्री का परिवार नहीं, बल्कि कुल 21 जोड़े एक साथ विवाह बंधन में बंधेंगे।

दूल्हा अभिमन्यु यादव और दुल्हन डॉ. इशिता यादव पटेल दोनों ही डॉक्टर हैं — उनकी पृष्ठभूमि और पेशा समाज में उनकी मजबूती दिखाता है। इस शादी का कार्ड भी बहुत साधारण रखा गया है; कार्ड में छपे संदेश में उन्होंने स्पष्ट किया है कि यह ‘सादगी, सामाजिक समरसता और सद्भाव’ की मिसाल है। इस समारोह में उपहार की अपेक्षा नहीं है — “आपका आशीर्वाद ही नवयुगल के लिए अमूल्य उपहार है।”
यह कदम महज एक शादी नहीं है, बल्कि एक सामाजिक संदेश है: शादी हो — लेकिन दिखावे, शान-शौकत और खर्च पर नहीं; बल्कि समाज में समानता, सरलता और इंसानियत पर जोर हो। इस तरह के आयोजन के माध्यम से, मुख्यमंत्री परिवार इस बात पर जोर देना चाहता है कि विवाह पर्व का असली महत्व संबंधों, प्रतिबद्धता और समाज-हित में है — न कि केवल रस्म-रिवाज और भौतिक दिखावे में।

ऐसा पहली बार है कि एक मुख्यमंत्री के बेटे की शादी में इतने सादगीपूर्ण और सामूहिक स्वरूप को अपनाया गया है — इससे पहले, फरवरी 2024 में मुख्यमंत्री ने अपने बड़े बेटे की शादी भी सादगी से की थी। उस समय उन्होंने स्पष्ट किया था कि “शादी हो या कोई अन्य कार्यक्रम — हमें दिखावे से नहीं, सादगी से चलना चाहिए।”
इस फैसले को मीडिया और आम जनता द्वारा स्वागत मिल रहा है, क्योंकि यह एक सकारात्मक उदाहरण — दिखावे-भरी शादियों की बजाय सामाजिक संतुलन, समानता और मूल्यों पर आधारित उत्सव — स्थापित करता है।