इंदौरः मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव इंदौर में संकल्प से समाधान अभियान के अंतर्गत हितलाभ वितरण कार्यक्रम में शामिल हुए। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि आज जिस शुभ संकल्प की पूर्ति होकर मालवा और इंदौर में एक नया रिकॉर्ड बना। उसी रिकॉर्ड के अगले चरण में हमारे लिए चौथे चरण के माध्यम से आज ये अद्भुत कार्यक्रम हो रहा है। ऐसे कार्यक्रम में आज जितनी बड़ी संख्या में रिकॉर्ड बन रहा है। उन्होंने कहा कि नर्मदा मैया के आशीर्वाद से होल्कर साम्राज्य ने सनातन संस्कृति की ध्वजा पूरे मुगलकाल में अपनी सनातन संस्कृति की ध्वजा के लिए बाबा विश्वनाथ, महाकाल, रामेश्वरम हर स्थान पर घाट धर्मशाला, अन्नक्षेत्र, सबकुछ मां नर्मदा के आशीर्वाद से होना था। मां नर्मदा की नगरी में स्वयं मां आशीर्वाद देने आई है।

मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तारीफ करते हुए कहा कि गुजरात को भी 2003 के बाद मोदी जी ने 25 हजार करोड़ का विशेष लोन बजाय भारत सरकार की सरदार सरोबर पूरा करते हुए गुजरात को समृद्ध बनाने का तत्कालीन मुख्यमंत्री के नाते बड़ा रोल रहा है। जिनके माध्यम से गुजरात, राजस्थान, मध्यप्रदेश का बड़वानी से निवाड़ तक का बेल्ट नर्मदा वैली में जितने भी बांधों की रचना है इसमें उनके संकल्प शक्ति के भरोसे से साध्वी उमाभारती, बाबूलाल गौड़, शिवराज सिंह चौहान और हमारी सरकार हमने सबने निर्णय लिया कि वाकई पानी का कितना महत्व है।

इंदौर-उज्जैन मैट्रो पोलेटिन का एरिया भी पूरे देश में एनसीआर दिल्ली के बाद सबसे बड़ा एरिया है। 25 साल बाद अगर इंदौर की आबादी 65 लाख है तो मैट्रो पोलेटिन की आबादी डेढ करोड़ होगी। पूरा क्षेत्र एक होने वाला है। डॉ. मोहन यादव ने कहा कि आज 1499 करोड़ के सीवरेज और जलापूर्ति के कार्यों की सौगात भी मिल रही है। इसी अवसर पर अमृत-2 के पैकेज-2, 3, 4 के 1336 करोड़ के कामों की सौगात मिल रही है। संकल्प से समाधान योजना का भी सबसे बड़ा रिकॉर्ड है, हमने 144912 आवेदनों का सफलतापूर्वक निराकरण किया है। 12 जनवरी स्वामी विवेकानंद जयंति से 31 मार्च तक संकल्प से समृद्धि और समाधान योजना की शुरुआत की थी। इसके माध्यम से हमारे सभी अधिकारी कर्मचारियों ने 106 प्रकार की योजना को लेकर सारे क्षेत्रों में घूमते हुए पूरे प्रदेश में अभियान चलाया था।

पूरे प्रदेश के अंदर इस अभियान का समापन हो रहा है। पूरे प्रदेश के अंदर कुंए, बावड़ी, नहर घाट, तालाब लगभग पौने तीन लाख नई जल रचनाओं पर हम लगभग गंगा दशमी तक काम करेंगे। नए संकल्प के माध्यम से पीकेसी योजना, पार्वती-काली सिंध-चंबल योजना पूरी होगी। इस योजना के तहत चंबल मैया के माध्यम से पूरा क्षेत्र सरसब्ज होने वाला है। सीएम डॉ. मोहन यादव ने कहा कि 2028 के सिहंस्थ अद्भुत होने वाला है इसलिए उन्होंने सिंहस्थ के लिए सभी को निमंत्रण दिया।