बैतूल शहर के लोहिया वार्ड स्थित ओझा ढाना क्षेत्र में बारिश के बाद सड़कें बदहाल हो गई हैं। जगह-जगह कीचड़ और गंदे पानी के जमा होने से स्थानीय लोगों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्र की खराब स्थिति ने विकास कार्यों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
इस बदहाल रास्ते का सबसे ज्यादा असर स्कूली बच्चों पर पड़ रहा है। विद्यार्थियों को रोजाना कीचड़ और गंदगी से होकर स्कूल जाना पड़ता है। खराब सड़क के कारण बच्चों की परेशानी लगातार बढ़ रही है।
ओझा ढाना क्षेत्र के विद्यार्थियों ने मुश्किल परिस्थितियों के बीच शानदार प्रदर्शन करते हुए वर्ष 2026 की एमपी बोर्ड परीक्षा में 92 प्रतिशत अंक हासिल किए। उनकी सफलता ने क्षेत्र का नाम रोशन किया, लेकिन बेहतर शिक्षा और सुरक्षित भविष्य की राह में मूलभूत सुविधाओं की कमी अब भी चुनौती बनी हुई है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में सड़क, नाली और बिजली जैसी बुनियादी समस्याएं लंबे समय से बनी हुई हैं। कई बार शिकायत किए जाने के बावजूद स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। वार्ड सदस्य मनोहर धुर्वे और करण धुर्वे ने भी इन समस्याओं के जल्द निराकरण की मांग उठाई है।
स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र की सड़कों और नालियों की व्यवस्था को जल्द सुधारा जाए, ताकि बारिश के मौसम में लोगों को परेशानी न उठानी पड़े। लोगों का कहना है कि विकास तभी सार्थक होगा जब आम नागरिकों को सुरक्षित और बेहतर सुविधाएं मिल सकें।