2020-21 के लिए आम बजट पेश करते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि, गरीब तबके का खास ध्यान रखा जाएगा। 2022 तक किसानों की आय दोगुनी होगी। किसानों की आय बढ़ाने के लिए 16 अहम फैसले लिए गए हैं। वित्त मंत्री ने कहा कि कृषि मंडियों में कामकाज कि सुधार की जरूरत है। किसानों को पीएम किसान योजना का मिल रहा लाभ, इसके अलावा पीएम कुसुम स्कीम के जरिए 20 लाख किसानों को सोलर पंप मुहैया करवाया जएगा। 100 सूखाग्रस्त जिलों के विकास पर भी काम होगा।
-पानी की समस्या से जूझ रहे 100 जिलों के लिए सरकार ने व्यापक उपाय किए जाने का किया प्रस्ताव
-पंप सेट और सौर ऊर्जा से जोड़ने का प्रयास
-20 लाख किसानों को दिए जाएंगे सोलर प्लांट
-15 लाख किसानों को ग्रिड कनेक्टेड पंपसेट से जोड़ा जाएगा
-5.162 मिलियन टन के भंडारण की क्षमता है, नाबार्ड इसे जीयोटैग करेगा।
-छठा ऐक्शन प्वॉइंट के तहत विलेज स्टोरेज स्कीम, सेल्फ हेल्प ग्रुप के जरिए किसानों के लिए स्पेशल रेल चलेंगे।
-सातंवा एक्शन प्वॉइंट- मिल्क, मीट, फीश को प्रीजर्व के लिए किसान रेल बनेगा। किसानों के लिए भंडार स्कीम।
-आठवें ऐक्शन प्वॉइंट के तहत कृषि उड़ान लांच किया जाएगा, ये प्लेन कृषि मंत्रालय की तरफ से चलेंगे।
-वन प्रोडक्ट वन डिस्ट्रिक्ट का स्कीम बनाया जाएगा।
-इंटिग्रेटेड फॉर्मिंग सिस्टम- संचयित इलाकों में नेचुरल फार्मिंग- जैविक खेती के लिए पोर्टल, ऑनलाइन मार्केट मजबूत बनाया जाएगा।
-12वें ऐक्शन प्वॉइंट के तहत, फाइनेंसिंग ऑन नेगोशिएबल वेयर हाउसिंग स्कीम
-13वें ऐक्शन प्वाइंट के तहत नॉन बैंकिंग फाइनान्स कंपनियों को उत्साहित किया जाएगा।
-15 लाख करोड़ रुपए का कर्ज किसानों को देने का लक्ष्य।
-14 वें ऐक्शन प्वाइंट के तहत- फूड एंड माउथ बिमारी, पीपीआर की बीमारी 2025 तक खत्म हो जाएगी।
-100 जिलों की बुझेगी प्यास, मिल्क प्रोसेसिंग झमता 108 मिलियन टन करने का लक्ष्य।
-15वें ऐक्शन प्वॉइंट के तहत समुद्री इलाकों के किसानों के लिए, फिस उत्पादन का लक्ष्य 208 मिलियन टन।
-तटवर्ती इलाकों के युवाओं को रोजगार मिलेगा।
-16वां और अंतिम ऐक्शन प्वॉइंट के तहत, दीनदयाल अंत्योदय योजना- 58 लाख एसएचजी बने हैं जिन्हें मजबूत बनाया जाएगा।
-इन 16 स्कीम के लिए 2.83 लाख करोड़ रुपए के फंड का प्रावधान किया गया है।
-कृषि, सिंचाई, के लिए 1.2 लाख करोड़ रुपए फंड में शामिल है।