Home बिज़नेस प्राइवेट सेक्टर के देश के तीसरे सबसे बड़े बैंक Axis Bank को चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में 1849 करोड़ रुपये का एकीकृत हुआ शुद्ध लाभ

प्राइवेट सेक्टर के देश के तीसरे सबसे बड़े बैंक Axis Bank को चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में 1849 करोड़ रुपये का एकीकृत हुआ शुद्ध लाभ

3 second read
0
0

बैंक को पिछले साल की समान तिमाही में 18 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था। फंसे हुए कर्ज के लिए प्रोविजनिंग बढ़ाए जाने के बावजूद इस साल जुलाई-सितंबर तिमाही में बैंक को यह मुनाफा हुआ है। आलोच्य तिमाही में एकल आधार पर देश के तीसरे सबसे बड़े प्राइवेट बैंक को 1,682.67 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ है। बैंक को पिछले वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में एकल आधार पर 112.08 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा हुआ था।

Axis Bank ने शेयर बाजारों को बुधवार को बताया कि आलोच्य तिमाही में एकल आधार पर बैंक की कुल आय मामूली बढ़ोत्तरी के साथ 19,870.07 करोड़ रुपये पर पहुंच गई। पिछले साल की दूसरी तिमाही में यह आंकड़ा 19,333.57 करोड़ रुपये पर रहा था।

आलोच्य तिमाही के दौरान बैंक ने 4,000 करोड़ रुपये की परिसंपत्तियों को ‘BB और नीचे’ की श्रेणी में डाल दिया। ऐसे में इस श्रेणी में शामिल परिसंपत्तियों का आकार 14,800 करोड़ रुपये का हो गया है।

हालांकि, बैंक के चीफ एक्जीक्यूटिव ऑफिसर और प्रबंध निदेशक अमिताभ चौधरी ने कहा कि बैंक को आरबीआई की नई लोन रिस्ट्रक्चिरंग स्कीम के तहत लोन के पुनर्गठन के लिए बहुत कम आवेदन मिले हैं। उन्होंने कहा कि अभी कोई रिस्ट्रक्चरिंग नहीं की गई है।

उन्होंने कहा कि कर्ज लेने वालों के पास लोन रिस्ट्रक्चरिंग को लेकर आवेदन देने के लिए 31 दिसंबर तक का समय है। मोरेटोरियम अवधि के दौरान बैंक ने सभी रिक्वेस्ट को स्वीकार नहीं किया था।

बैंक ने सितंबर तिमाही में फंसे हुए कर्ज के लिए 3,143 करोड़ रुपये की अतिरिक्त प्रोविजनिंग की है।

इसी बीच NSE पर सुबह 10:39 बजे बैंक के शेयर की कीमत 3.55 अंक यानी 0.70 फीसद की गिरावट के साथ 501.15 रुपये पर रही।

Load More In बिज़नेस
Comments are closed.