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जन्म लेते ही नवजात बच्ची को महिला ने गंगा किनारे झाड़ियों में फेंका, चीटियों से जूझ रही बच्ची को दरोगा ने दी नई जिंदगी

यूपी के चंदौली जिले से एक ऐसी खबर सामने आई है, जिसे जानकर आपके होश उड़ जायेंगे। यहां जन्म लेते ही एक नवजात बच्ची को एक महिला गंगा किनारे झाड़ियों में फेंक कर भाग गई।

By: RNI Hindi Desk 
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जन्म लेते ही नवजात बच्ची को महिला ने गंगा किनारे झाड़ियों में फेंका, चीटियों से जूझ रही बच्ची को दरोगा ने दी नई जिंदगी

रिपोर्ट: सत्यम दुबे

चंदौली: यूपी के चंदौली जिले से एक ऐसी खबर सामने आई है, जिसे जानकर आपके होश उड़ जायेंगे। यहां जन्म लेते ही एक नवजात बच्ची को एक महिला गंगा किनारे झाड़ियों में फेंक कर भाग गई। मासूस बच्ची को इस तरह से फेंकने से आवारा जानवरों के शिकार बनने का डर था। लेकिन मासूम आवारा जानवरों का शिकार बनती इससे पहले ही एक दरोगा ने बच्ची को बचा लिया।

आपको बता दें कि झाड़ियों में पड़े इस बच्ची को कैलावर चौकी प्रभारी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, चहनियां ले गए। मासूम बच्ची स्वस्थ है लेकिन उसके पालन पोषण के लिए कोई आगे नहीं आया है। यह हृदय विदारक मामला बलुआ थाना क्षेत्र के महरौड़ा गांव के पास का है। यहां मंगलवार दोपहर एक महिला ने नवजात को महड़ौर गांव के पास गंगा नदी के किनारे झाड़ियों में फेंक दिया।

वहीं पास में बकरी चरा रहे कुछ लड़कों ने बच्ची की आवाज सुनी तो वो मौके पर पहुंचे और गांव के लोगों को बताया। बच्ची के लिए ग्रामीण और कैलावर चौकी प्रभारी फरिश्ता बने। गांव की महिलाओं ने बच्ची को साफ सुथरा करने के बाद पुलिस को सूचना दी। बच्ची के शरीर पर चींटियां लिपट गई थीं। इससे बच्ची दर्द से लगातार चीख रही थी।

आपको बता दें कि कैलावर चौकी प्रभारी शिवमणी त्रिपाठी ने नवजात को इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। सही समय से इलाज और देखभाल मिल जाने से बच्चे की जान तो बच गई। लेकिन आगे मासूम का क्या होगा यह बड़ा सवाल है। नवजात अभी दूध नहीं पी रही और दरोगा ने बेहतर उपचार के कुशल चिकित्सक के यहां ले जाने की बात कही है।

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