नई दिल्ली : अफगानिस्तान की राजधानी काबुल एक बार फिर धमाकों से थर्रा उठी, जब यहां मिलिट्री हॉस्पिटल (Kabul Military Hospital) के बाहर सिलसिलेवार धमाके हुए। इस ब्लाटस्ट के बाद बंदूकों के भी चलने की आवाज सुनाई दी। आधिकारिक जानकारी के मुताबिक हमले में 19 लोगों के मारे जाने की ख़बर है, साथ ही 50 लोग घायल बताए जा रहे हैं।
Two explosions occurred in Kabul city’s police district 10 today. First explosion occurred in front of Sardar Mohammad Dawood Khan hospital. Second explosion also occurred in an area close to the hospital. Gunfire has also been heard from the blast area: Afghanistan’s TOLOnews
— ANI (@ANI) November 2, 2021
न्यूज़ एजंसी AFP से मिली जानकारी के मुताबिक काबुल शहर के सरदार मोहम्मद दाऊद खान मिलिट्री अस्पताल के पास मंगलवार को दो धमाके हुए और उसके बाद गोली चलने की आवाज भी सुनाई दी है। घटनास्थल के आस-पास रहने वाले लोगों के द्वारा शेयर की गई तस्वीरों में धमाके के बाद धुंआ देखा जा सकता है।
#UPDATE A blast followed by gunfire was heard outside a military hospital in Afghanistan’s capital on Tuesday, a witness reported, followed by a second blast heard by AFP journalists pic.twitter.com/ZGP47DbNBj
— AFP News Agency (@AFP) November 2, 2021
घटना को लेकर तालिबान के उप प्रवक्ता बिलाल करीमी ने एसोसिएटेड प्रेस (एपी) को बताया कि काबुल में सरदार मोहम्मद दाऊद खान सैन्य अस्पताल के बाहर नागरिकों को निशाना बनाकर विस्फोट किया गया। हालांकि इस घटना के पीछे कौन है? ये अभी सामने नहीं आया है। वहीं अभी तक किसी आतंकी संगठन ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है।
#UPDATE Two blasts struck close to the entrance of the sprawling site followed by reports of shooting inside the hospital, the Taliban and a witness said https://t.co/fG64667tjj
— AFP News Agency (@AFP) November 2, 2021
बता दें कि इससे पहले सितंबर में भी काबुल में एक के बाद एक तीन ब्लास्ट हुए थे। काबुल एयरपोर्ट के पास हुए इस ब्लास्ट में 169 अफगानिस्तान के नागरिकों की मौत हो गई थी। वहीं 13 अमेरिकी सैनिक भी इस हादसे में मारे गए थे। इसके बाद अमेरिका ने भी एयरस्ट्राइक की थी। जिसमें एक बच्चे समेत दो लोगों की मौत हो गई थी। अमेरिका ने बाद में दावा किया था कि, इसमें एक आत्मकघाती हमलावर को निशाना बना गया था। आपको बता दें कि सितंबर में जब सीरियल ब्लास्ट हुए थे, तब इसकी जिम्मेदारी आईएसआईएस-के नाम के आतंकी संगठन ने ली थी।