लखनऊ-अयोध्या राजमार्ग पर बुधवार की भोर में हुई दो अलग-अलग सड़क दुर्घटनाओं में डीसीएम चालक की मौत हो गई। वहीं बिहार जा रही डबल डेकर बस के पलटने से आधा दर्जन यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें इलाज के लिए सीएससी से जिला मुख्यालय भेजा गया है।
बुधवार की सुबह करीब 2 बजे दिल्ली से दरभंगा जा रही डबल डेकर वातानुकूलित बस अयेध्या हाईवे पर बैसन पुरवा के निकट एक सांड से टकराकर पलट गई। जिससे बस के अंदर सो रहे यात्रियों में चीख पुकार मच गई। धर्मेंद्र कुमार ने बताया कि दिल्ली के रेलवे स्टेशन के पास से शाम करीब 10 बजे वह बस संख्या यूपी 17 एटी 8566 (डबल डेकर) से दरभंगा के लिए निकले थे। बस में करीब दो दर्जन यात्री थे, जिनमें से कई लोग लखनऊ में उतर गए थे। केवल 10 लोगों को लेकर बस दरभंगा जा रही थी।
यात्रियों के मुताबिक करीब 2 बजे बैसन पुरवा गांव के निकट सड़क पर एक सांड के आ जाने से बस उससे टकराकर सड़क के किनारे खड्ड में पलट गई। बस के पलटते ही अंदर सो रहे यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। राहगीरों की सूचना पर कोतवाली निरीक्षक सच्चिदानंद राय मौके पर पहुंचे और बस के अंदर से यात्रियों को बाहर निकालकर घायलों को सीएससी भिजवाया। बस पलटने से फिरोजाबाद के मंगलपुरा निवासी धर्मेंद्र कुमार सिंह (23) पुत्र अमर सिंह यादव, राजस्थान के अलवर निवासी प्रदीप कुमार (25) पुत्र राम सिंह, खगड़िया निवासी सत्यदेव पुत्र लल्लन शर्मा तथा लखीमपुर के भटपुरवा निवासी पुत्ती लाल तथा उनकी पत्नी रमा देवी के साथ ही 6 माह का पुत्र अंकेश गंभीर रूप से घायल हो गया जिसे इलाज के लिए मुख्यालय भिजवाया गया।
डबल डेकर बस के पलटने से लखनऊ-अयोध्या जाने वाली एक लेन बंद हो गई। मौके पर पहुंचे पुलिस अधिकारियों ने 3 क्रेनो से बस को किनारे कर जाम खुलवा दिया।
दूसरी घटना सुबह करीब 4 बजे लखनऊ-अयोध्या राजमार्ग पर मोहम्मदपुर चौराहे से पहले प्रधान ढाबे के निकट हुई। जिसमें हाईवे पर चल रहे ट्रक द्वारा अचानक ब्रेक लगा दिए जाने से पीछे से आ रही डीसीएम उसमें जा घुसी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि डीसीएम के अगले हिस्से के परखच्चे उड़ गए। उसी में फंसकर डीसीएम चालक फतेहपुर जनपद के जहानाबाद थाना अंतर्गत कीरतपुर निवासी रामकरन (35) की मौके पर ही मौत हो गई। डीसीएम चालक मंगलवार की शाम कानपुर से लोहे की चादर लोड करके फैजाबाद उतारने के लिए जा रहा था।