मध्यप्रदेश सरकार के दो वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर संस्कृति, धर्मस्व एवं पर्यटन विभाग की प्रमुख उपलब्धियों को लेकर कैबिनेट मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी ने विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बीते दो वर्षों में राज्य सरकार ने नवाचार, निवेश और अंत्योदय के सिद्धांतों के साथ कार्य करते हुए विकसित मध्यप्रदेश के विजन को मजबूती से आगे बढ़ाया है।
मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी ने कहा कि “अतुल्य भारत का हृदय प्रदेश” मध्यप्रदेश आज पर्यटन के क्षेत्र में नई ऊँचाइयों को छू रहा है। राज्य में पर्यटन को नई गति देने के उद्देश्य से नई पर्यटन नीति-2025 लागू की गई है। इस नीति का मुख्य लक्ष्य पर्यटन क्षेत्र में निवेश को प्रोत्साहित करना और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल बनाना है।
कैबिनेट मंत्री ने बताया कि पहले पर्यटन परियोजनाओं के लिए जहां 25 से 30 अलग-अलग अनुमतियाँ लेनी पड़ती थीं, वहीं अब इस प्रक्रिया को सरल बनाते हुए इन्हें 8 से 10 अनुमतियों तक सीमित कर दिया गया है। इसके साथ ही सिंगल विंडो सिस्टम की शुरुआत की गई है, जिससे निवेशकों को सभी आवश्यक स्वीकृतियाँ एक ही मंच पर उपलब्ध हो सकेंगी।
धर्मेंद्र सिंह लोधी ने कहा कि नई पर्यटन नीति न केवल घरेलू और विदेशी निवेशकों को आकर्षित करेगी, बल्कि इससे राज्य की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी। पर्यटन क्षेत्र में बढ़ते निवेश से बड़े पैमाने पर रोजगार सृजन होगा, जिससे स्थानीय युवाओं और ग्रामीण क्षेत्रों को सीधा लाभ मिलेगा।
मंत्री ने कहा कि संस्कृति, धर्मस्व और पर्यटन विभाग की ये पहलें मध्यप्रदेश को पर्यटन और निवेश के एक प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। आने वाले समय में इन प्रयासों से राज्य की सांस्कृतिक विरासत, धार्मिक पर्यटन और आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर को नई पहचान मिलेगी और मध्यप्रदेश विकास के नए अध्याय में प्रवेश करेगा।