गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक वर्चुअल ग्लोबल इन्वेस्टर राउंडटेबल (VGIR) पर वैश्विक निवेशकों के साथ एक विशेष वार्ता की अध्यक्षता करेंगे। यह विशेष वार्ता वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए होगी। जिसमें अमेरिका, यूरोप, कनाडा, कोरिया, जापान, मध्य पूर्व, ऑस्ट्रेलिया और सिंगापुर के 20 शीर्ष संस्थागत निवेशकों के प्रमुख शामिल होंगे।
यह विशेष वार्ता वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए होगी। पीएम मोदी ने इसकी जानकारी देते हुए एक ट्वीट किया। जिसमें उन्होंने लिखा, ‘5 नवंबर को शाम 6 बजे, मैं वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए वर्चुअल ग्लोबल इन्वेस्टर राउंडटेबल में शामिल होऊंगा। हमारे देश में निवेशकों के लिए भारत के सुधारों और अवसरों के बारे में बोल रहा होगा। भाषण देखिए।’
At 6 PM tomorrow, 5th November, I would be joining the Virtual Global Investor Roundtable via video conferencing. Will be speaking about India’s reforms and opportunities for investors in our country. Do watch the speech. https://t.co/Phq4CmPvOP
— Narendra Modi (@narendramodi) November 4, 2020
इस कार्यक्रम में केंद्रीय वित्त मंत्री, केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री, आरबीआई गवर्नर और कईं वरिष्ठ अधिकारी भी होंगे।राउंडटेबल की यह बैठक दुनिया की बीस सबसे बड़ी पेंशन और संप्रभु धन निधियों में से कुल $ 6 ट्रिलियन के प्रबंधन के तहत कुल परिसंपत्तियों के साथ भागीदारी का गवाह बनेगी।
आपको बता दें कि ये वैश्विक संस्थागत निवेशक अमेरिका, यूरोप, कनाडा, कोरिया, जापान, मध्य पूर्व, ऑस्ट्रेलिया और सिंगापुर समेत प्रमुख क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व करते हैं। इस इवेंट में कईं कंपनियों के सीईओ और सीआईओ भी शामिल होंगे।
इनमें से कुछ निवेशक पहली बार भारत सरकार के साथ शामिल होंगे। उम्मीद की जा रही है कि इस बैठक से भारत में इनवेस्टमेंट बढ़ाने में मदद मिलेगी। वैश्विक निवेशकों के अलावा, राउंडटेबल में कई शीर्ष भारतीय बिजनेस लीडर्स की भागीदारी भी देखी जाएगी।
यह वीजीआईआर केंद्रीय वित्त मंत्रालय और राष्ट्रीय निवेश एवं इंफ्रास्ट्रक्चर फंड द्वारा आयोजित की जा रही है। यह प्रमुख वैश्विक संस्थागत निवेशकों, भारतीय कारोबारी लीडर्स और भारत सरकार व वित्तीय बाजार नियामकों के उच्चतम निर्णय निर्माताओं के बीच एक विशेष वार्ता है।
प्रधान मंत्री कार्यालय के एक बयान के अनुसार, केंद्रीय वित्त मंत्री, केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री, आरबीआई गवर्नर और दूसरे अधिकारी भी इस कार्यक्रम में भाग लेंगे। इस राउंडटेबल में दुनिया के 20 सबसे बड़े पेंशन एवं सॉवरेन वेल्थ फंड्स कुल 6 ट्रिलियन डॉलर की एयूएम के साथ भाग लेंगे।
ये मीटिंग वैश्विक संस्थागत निवेशकों, भारतीय व्यापार जगत के प्रमुखों और भारत सरकार तथा वित्तीय बाजार नियामकों के शीर्ष नीति-निर्माताओं के बीच एक खास बैठक है।
भारत में विदेशी निवेश इस वित्तीय वर्ष के पहले पांच महीनों में सबसे अधिक है। वीजीआईआर 2020 उन सभी निवेशकों और हितधारकों के लिए एक अवसर प्रदान करेगा जो कि मजबूत साझेदारियों को आगे बढ़ाने के लिए और अंतरराष्ट्रीय संस्थागत निवेशकों के साथ जुड़ाव को बढ़ावा देने के लिए भारत की और देख रहे हैं।