इससे पहले इस गद्दी पर महंत प्रकाश पुरी पदस्थ थे। उन्होंने भी स्वास्थ्य कारणों से यह पद छोड़ दिया था। मंदिर प्रबंध समिति ने इसके बाद भस्मआरती की जिम्मेदारी अखाड़े के ही गणेश पुरी को दी थी।
इससे पहले इस गद्दी पर महंत प्रकाश पुरी पदस्थ थे। उन्होंने भी स्वास्थ्य कारणों से यह पद छोड़ दिया था। मंदिर प्रबंध समिति ने इसके बाद भस्मआरती की जिम्मेदारी अखाड़े के ही गणेश पुरी को दी थी।